जिले में धड़ल्ले से हो रहा है लॉटरी टिकट का धंधा
किशनगंज : जिले में अवैध लॉटरी टिकट के धंधेबाज गांव देहात के गरीब लोगों को खूब लूट रहे हैं. जिला मुख्यालय के कोने-कोने में ये घूमते रहते है और लोगों को अपना शिकार बनाते हैं. खासकर गरीब-मजदूर और रिक्शा चालक इनके चंगुल में फंस रहे हैं. ये धंधेबाज उन्हें लॉटरी के रूप में बड़े इनाम […]
किशनगंज : जिले में अवैध लॉटरी टिकट के धंधेबाज गांव देहात के गरीब लोगों को खूब लूट रहे हैं. जिला मुख्यालय के कोने-कोने में ये घूमते रहते है और लोगों को अपना शिकार बनाते हैं. खासकर गरीब-मजदूर और रिक्शा चालक इनके चंगुल में फंस रहे हैं. ये धंधेबाज उन्हें लॉटरी के रूप में बड़े इनाम का प्रलोभन देकर उनकी गाढ़ी कमाई लूट रहे हैं.
गरीब मजदूर, रिक्शा चालक, कुली से लेकर अच्छे घराने के लोगों को भी रातों-रात लखपति बनाने का सपने दिखाकर ये उनका आशियाना उजाड़ रहे हैं. अवैध लॉटरी टिकट विक्रेता किशनगंज जिले से सटे पश्चिम बंगाल से बेरोकटोक पश्चिम बंगाल, मिजोरम, सिक्किम कर अवैध लॉटरी टिकट लाकर उसे खुलेआम बेच रहे हैं.
मुख्यालय में लॉटरी टिकट के थोक विक्रेता भी मौजूद हैं. खासकर कुतुबगंज हाट, चूड़ीपट्टी, कसेरापट्टी, दिनाजपुर रोड, खगड़ा सहित कई जगहाें पर घर और दुकानों में थोक में अवैध लॉटरी टिकट बेचा जा रहा है. इसके साथ ही थोक विक्रेता बंगाल लॉटरी टिकट दुकान के नाम से बिल भी दे रहे हैं. इससे यहां के अवैध लॉटरी टिकट विक्रेताओं को बंगाल जाना नहीं पड़ रहा है. सूत्रों की माने यो इन अवैध लॉटरी का खेल हर रोज तीन बार होता है. सुबह 12 बजे, दोपहर 4 बजे और शाम 8 बजे.
इस दौरान जिला मुख्यालय के सभी कम्प्यूटर दुकानों मे परिणाम देखने की भीड़ लगी रहती है. खासकर लाइन मुहल्ले, सुभाषपल्ली सहित कई जगह में लॉटरी टिकट क्रेता-विक्रेता दोनों का हुजूम लगा रहता है. इस धंधे में जिले के कुछ सफेदपोश लोग भी संलिप्त हैं. हर रोज जिले में अवैध लॉटरी टिकट का लाखों में कारोबार होता है.
हालांकि दो दिनों से एसपी कुमार आशीष के निर्देश पर पुलिस एक्शन में दिख रही है. और इन लॉटरी टिकट के धंधेबाजों में अभियान से हड़कंप मचा हुआ है. लेकिन लॉटरी टिकट गिरोह के बड़े कारोबारी जब तक पुलिस गिरफ्त में नहीं आते तब तक जिले से अवैध लॉटरी टिकट का कारोबार खत्म नहीं होगा.
बंगाल से चलता है रैकेट: बंगाल में लॉटरी टिकट की दुकान सजती है. जिला मुख्यालय से सटे पांजीपरा, रामपुर में सड़कों पर ही टेबल लगाकर इसकी बिक्री धड़ल्ले से हो रही है. बंगाल सरकार ने लॉटरी टिकट बेचने को लेकर लाइसेंस दे रखा है, लेकिन पिछले कुछ सालों में यह कारोबार जो बिहार में प्रतिबंधित है.यहां भी खूब फल फूल गया है.
लॉटरी टिकट के धंधेबाज में हड़कंप: लगातार पुलिस की छापेमारी से लॉटरी टिकट बेचने व इस अवैध कारोबार में शामिल लोगों में हड़कंप मच गया है. यह अभियान लगातार चले तभी यह लॉटरी टिकट कारोबार जिले में बंद होगा.
गांव व गरीब बन रहे कंगाल: इस लॉटरी टिकट के चक्कर में गांव, गरीब, किसान कंगाल बन रहे है.देर से सही पुलिस के अभियान चलाने से लॉटरी टिकट धंधेबाजों में भय व्याप्त है.