गंगा नदी की तेज धारा के बीच कटाव की स्थिति को देखते हुए जलसंसाधन विभाग ने बचाव कार्य तेज करने की कवायद शुरू कर दी है. चौथम प्रखंड की मध्य बौरने पंचायत स्थित जयप्रभानगर में बाढ़ से बचाव के लिए रखे गए मिट्टी भरे बैग अब नौगछिया के खरीक प्रखंड अंतर्गत राघोपुर भेजे जा रहे हैं. विभागीय निर्देश पर करीब 15 ट्रैक्टरों से बैग को कटाव प्रभावित क्षेत्र तक पहुंचाने की कार्रवाई शुरू की गयी है.
राघोपुर में तेज धारा से लगातार कटाव
मिली जानकारी के अनुसार, राघोपुर में गंगा की तेज धारा के कारण लगातार कटाव की स्थिति बनी हुई है. कटाव के बढ़ते खतरे को देखते हुए आसपास के क्षेत्र की सुरक्षा के लिए तत्काल बचाव कार्य शुरू करने की तैयारी की जा रही है. इसी के तहत जलसंसाधन विभाग ने जयप्रभानगर में पहले से उपलब्ध मिट्टी भरे बैग को राघोपुर भेजने का निर्देश दिया है.
विभाग का मानना है कि संवेदनशील स्थानों पर समय रहते मिट्टी भरे बैग लगाने से कटाव की रफ्तार को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है. इसके लिए उपलब्ध संसाधनों को कटाव प्रभावित क्षेत्र तक पहुंचाने की प्रक्रिया तेज कर दी गयी है.
15 ट्रैक्टरों से भेजे जा रहे मिट्टी भरे बैग
जलसंसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता मनीष कुमार के निर्देश पर संवेदक द्वारा जयप्रभानगर से मिट्टी भरे बैग राघोपुर भेजे जा रहे हैं. करीब 15 ट्रैक्टरों पर बैग लोड कर उन्हें कटाव प्रभावित क्षेत्र तक पहुंचाया जा रहा है.
ट्रैक्टर मालिक दरवेश्वरी सिंह ने बताया कि विभागीय निर्देश के अनुसार जयप्रभानगर से 15 ट्रैक्टरों पर मिट्टी भरे बैग लोड किए जा रहे हैं. इन बैगों को राघोपुर पहुंचाया जा रहा है, ताकि कटाव प्रभावित स्थानों पर बचाव कार्य में तत्काल इस्तेमाल किया जा सके.
संवेदनशील स्थानों पर तत्काल बचाव की तैयारी
गंगा की तेज धारा के कारण राघोपुर में बढ़ते कटाव को देखते हुए विभाग की ओर से संवेदनशील स्थानों को चिह्नित कर बचाव कार्य शुरू करने की तैयारी की जा रही है. मिट्टी भरे बैग को कटावरोधी कार्य में इस्तेमाल किया जाएगा. इससे प्रभावित क्षेत्र में नदी की धारा के दबाव को कम करने और तट को तत्काल सुरक्षा देने का प्रयास होगा.
जयप्रभानगर में रखे संसाधनों को राघोपुर भेजे जाने से विभाग को तत्काल बचाव कार्य शुरू करने में मदद मिलने की उम्मीद है. अब लोगों की नजर इस बात पर है कि मिट्टी भरे बैग लगाए जाने के बाद गंगा के कटाव पर कितना नियंत्रण मिल पाता है.
