परबत्ता. प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय सौढ भरतखण्ड में मुख्यमंत्री विद्यालय सुरक्षा कार्यक्रम के तहत इस माह के तीसरे शनिवार को सुरक्षित शनिवार कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम में वज्रपात, ठनका, आंधी व चक्रवाती तूफान से होने वाले खतरे और उससे बचाव के उपायों की जानकारी दी गयी. कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाध्यापक संजय कुमार पासवान ने की. जबकि मंच संचालन शिक्षक सिद्धार्थ कुमार ने किया. प्रधानाध्यापक ने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं के दौरान सतर्कता और जागरूकता ही सबसे बड़ा बचाव है. उन्होंने बताया कि आंधी और चक्रवाती तूफान से हर वर्ष जानमाल की क्षति होती है, इसलिए लोगों को पहले से सावधानी बरतनी चाहिए. शिक्षक सिद्धार्थ ने छात्रों को बताया कि तेज आंधी या चक्रवाती तूफान के दौरान घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए. पेड़, बिजली और टेलीफोन पोल के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए. उन्होंने कहा कि वज्रपात के समय खुले मैदान में नहीं रहें और यथासंभव सुरक्षित भवन के अंदर शरण लें. साथ ही नदी, तालाब या अन्य जलस्रोतों में जाने से बचने की सलाह दी. उन्होंने बताया कि आपदा की स्थिति में पशुओं को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना, बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखना व आवश्यक खाद्य सामग्री, दवाइयां, टॉर्च और बैटरी जैसी आपातकालीन सामग्री तैयार रखना जरूरी है. मौके पर शिक्षक निरंजन कुमार, रामविनोद साह, रामलाल पंडित, वंदना कुमारी, मीनाक्षी कुमारी सहित विद्यालय के अन्य शिक्षक-शिक्षिकाएं व छात्र-छात्राएं उपस्थित थे.
प्राकृतिक आपदाओं में सतर्कता व जागरूकता ही बचाव के उपाय : एचएम
प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय सौढ भरतखण्ड में मुख्यमंत्री विद्यालय सुरक्षा कार्यक्रम के तहत इस माह के तीसरे शनिवार को सुरक्षित शनिवार कार्यक्रम आयोजित किया गया
