हाल खगडि़या जंकशन काफोटो है 7 व 8 मेंकैप्सन- टिकट घर के समीप छत से टपक रहा पानी व जर्जर यात्री शेड प्रतिनिधि, खगडि़यामॉनसून की पहली बारिश ने ही स्थानीय जंकशन की पोल खोल कर रख दी है. स्थानीय जंकशन के प्लेटफॉर्म संख्या एक व दो पर लगे यात्री शेड से शनिवार को बारिश के दौरान पानी टपक रहा था. पानी टपकने के कारण रेल यात्री यत्र-तत्र भागते नजर आ रहे थे. दोनों प्लेटफॉर्म पर यात्रियों की सुविधा के लिए समुचित व्यवस्था नहीं है. सर्वाधिक खराब स्थिति बरसात के समय में रेल यात्रियों को हो रही है. यहां आने व जाने वाले रेल यात्री खगडि़या जंकशन पर पहुंच कर रेल प्रशासन कोसते नजर आते हैं.कहां-कहां टपक रहा पानीस्थानीय जंकशन के प्रतीक्षालय, विश्रामालय तथा नवनिर्मित भीआरपी रूम, टिकट काउंटर आदि कक्ष में बारिश होने परपानी टपकता रहता है. इससे महत्वपूर्ण कागजात के भी भीगने की आशंका बनी रहती है.कब हुई मरम्मत स्थानीय जंकशन के सौंदर्यीकरण के नाम पर दो साल पूर्व लाखों रुपये खर्च किये गये थे. पर, जनता की गाढ़ी कमाई से जनता को कोई लाभ नहीं मिल रहा है. मरम्मत के नाम पर हुए खर्च बेकार साबित हो रहे हैं. दस लाख होती है प्रतिदिन आयस्थानीय जंकशन पर से देश की विभिन्न भागों की यात्रा करने वाले यात्रियों से प्रतिदिन टिकट से लगभग आठ से दस लाख के राजस्व की प्राप्ति होती है. इसके बावजूद भी यात्री सुविधाओं का अभाव है. कहते हैं एसएसस्टेशन अधीक्षक प्रवीण कुमार ने बताया कि बरसात के समय अभिलेख पर पानी गिरने की सूचना कई बार अधिकारियों की दी जा चुकी है. यहां के स्तर से मरम्मत कार्य कराना असंभव है.
शेड से टपक रहा पानी, कहां जाएं यात्री
हाल खगडि़या जंकशन काफोटो है 7 व 8 मेंकैप्सन- टिकट घर के समीप छत से टपक रहा पानी व जर्जर यात्री शेड प्रतिनिधि, खगडि़यामॉनसून की पहली बारिश ने ही स्थानीय जंकशन की पोल खोल कर रख दी है. स्थानीय जंकशन के प्लेटफॉर्म संख्या एक व दो पर लगे यात्री शेड से शनिवार को बारिश के […]
