परेशानी. छमसिया के महादलितों को दीपावली से पहले दबंगों ने हमले की दी थी धमकी
छमसिया में दबंगों कहर के बाद महादलित परिवार सहमे हुए हैं. कई परिवार ने घर-द्वार छोड़ दिया है. इधर, विभिन्न दलों के नेताओं के दौरा का दौर शुरू हो गया है. लिहाजा, जिले का राजनीतिक पारा चढ़ गया है. इधर, घटना बाद पुलिस-प्रशासन भी चुस्त दुरुस्त नजर आने लगा है.
खगड़िया : कल तक जिस आंगन में किलकारी गूंजती रहती थी वहां अब राख ही राख नजर आ रहे हैं. दबंगों द्वारा महादलित परिवारों पर ढाये गये जुल्म के तीन दिन बाद छमसिया गांव में अभी भी मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है. कल तक जहां आशियाना था वहां अब चारों ओर तबाही का मंजर है. बस्ती में हर चेहरा बता रहा था कि दबंगों के कहर में गरीब महादलितों ने सब कुछ गवां दिया है. मोरकाही थाना क्षेत्र के छमसिया गांव में रहने वाले महादलित परिवारों की जिंदगी में इस बार दीपावली रोशनी नहीं घोर अंधेरा लेकर आया. बुधवार की रात दबंगों ने
महादलितों की इस बस्ती पर ऐसा कहर बरपाया कि शायद ही घाव भर पाये. दबंगों ने करीब 82 महादलित परिवारों के घरों को जला दिया. कीमती समान लूट लिये. कल तक सपने सजा रहे महादलित परिवार आज खुले आसमान के नीचे आ गये हैं. पल भर में दर्जनों गरीब परिवारों की जिंदगी भर की गाढ़ी कमाई आग की लपटों में स्वाहा हो गया.
पूर्व से हमले की दी थी धमकी : छमसिया में पहुंचे जनप्रतिनिधियों को पीड़ित महादलितों ने बताया कि मुन्ना यादव गिरोह ने दीपावली से पहले हमले की धमकी दी थी. अचानक दीपावली से एक दिन पूर्व बुधवार की रात हथियार से लैस दबंगों ने गांव पर हमला बोल दिया. अपराधियों ने दर्जनों चक्र हवाई फायरिंग कर गांव में दहशत का माहौल बना दिया. फिर तिनका तिनका जोड़कर बनाये गये करीब 82 महादलित परिवारों के घर में आग लगा दिया. देखते ही देखते गरीब महादलितों की जिंदगी भर की गाढ़ी कमाई राख में तब्दील हो गयी. किसी तरह महादलित परिवारों ने झाड़ी में छिपकर जान बचायी.
भाकपा माले के जिला सचिव अरुण कुमार दास ने बताया कि 17 अक्तूबर को मुन्ना यादव द्वारा महादलितों के घर में घुस कर लूटपाट की गयी. साथ ही दीपावली से पहले गांव को बर्बाद करने की धमकी भी दी गयी. धमकी के अनुसार दबंगों ने अगले दिन बुधवार की रात छमसिया गांव के महादलित टोला पर हमला बोल कर तांडव मचाया.
छमसिया गांव में गरीब महादलित परिवारों पर दबंगों द्वारा ढाये गये जुल्म के बाद जिले का राजनीतिक पारा चढ़ गया है. पहले भारतीय कम्युनिष्ट पार्टी के पूर्व विधायक सत्यनारायण सिंह के नेतृत्व में घटनास्थल का दौरा का पुलिस-प्रशासन व राज्य सरकार को खरी-खोटी सुनाया गया. भाजपा की टीम ने भी मौके का दौरा कर जायजा लिया. वहीं शनिवार को भाकपा माले के विधायक के नेतृत्व में छमसिया गांव का सघन दौरा किया गया. जबकि पूर्व विधानसभाध्यक्ष उदय नारायण चौधरी के नेतृत्व टीम ने छमसिया अग्निकांड के पीड़ित महादलितों से मुलाकात कर जायजा लिया. साथ ही हर संभव मदद का भरोसा दिलाया.
छमसिया गांव में गरीब महादलित परिवारों पर दबंगों द्वारा ढाये गये जुल्म के बाद जिले का राजनीतिक पारा चढ़ गया है. पहले भारतीय कम्युनिष्ट पार्टी के पूर्व विधायक सत्यनारायण सिंह के नेतृत्व में घटनास्थल का दौरा का पुलिस-प्रशासन व राज्य सरकार को खरी-खोटी सुनाया गया. भाजपा की टीम ने भी मौके का दौरा कर जायजा लिया. वहीं शनिवार को भाकपा माले के विधायक के नेतृत्व में छमसिया गांव का सघन दौरा किया गया. जबकि पूर्व विधानसभाध्यक्ष उदय नारायण चौधरी के नेतृत्व टीम ने छमसिया अग्निकांड के पीड़ित महादलितों से मुलाकात कर जायजा लिया. साथ ही हर संभव मदद का भरोसा दिलाया.
पीड़ितों की मदद को उठे हाथ
मानसी. छमसिया अग्निकांड के पीड़ित महादलित परिवारों की मदद के लिये हाथ उठने लगे हैं. अमनी पंचायत के पूर्व मुखिया के नेतृत्व में ग्रामीणों ने पीड़ित परिवारों को मदद का निर्णय लिया है. अमनी पंचायत के बाढ़ शरण स्थली सह पंचायत भवन में पंचायत आपदा प्रबंधन समिति की बैठक बुलाई गयी. बैठक की अध्यक्षता पूर्व मुखिया प्रमोद कुमार सिंह ने की. मौके पर मोरकाही थाना क्षेत्र के छमसिया के पीड़ितों के प्रति चिंता व्यक्त की गयी.
बैठक में ग्रामीणों के सहयोग से छमसिया गांव के पीड़ितों को मदद पर चर्चा की गयी. छमसिया गांव में घटी घटना पर चिंता जताते हुए सर्वसम्मति से पीड़ित परिवारों के लिए खाद्यान्न व कपड़े, बांस व आवश्यक वस्तुओं का वितरण करने का निर्णय लिया गया. वहीं, हिन्दुओं के आस्था का महापर्व छठ के अवसर पर गांव में मेला का आयोजन करने पर भी विचार विर्मश किया गया. साथ ही गांव में स्थित घाटों की साफ सफाई करने का निर्णय लिया गया.
बताते चलें कि अन्य वर्षों की भांति ग्राम पंचायत अमनी में 17वां वार्षिकोत्सव 31 अक्तूबर को मनाया जायेगा. बैठक में पूर्व सरपंच राम प्रवेश यादव, सरपंच गरभू सदा, रामचन्द्र सिंह, सुरेश सिंह आिद मौजूद थे.
