कार्रवाई. स्कूल भवन तोड़ कर पचा गये लाखों की राशि, जांच में पाया गया सही
शिक्षा विभाग के नियम को ताक पर रख कर काम करने व वित्तीय अनियमितता के आरोप में मध्य विद्यालय भरतखंड के प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी को डीइओ ने निलंबित कर दिया है.
खगड़िया: आखिरकार परबत्ता प्रखंड के मध्य विद्यालय भरतखंड सह कस्तूरबा विद्यालय के प्रभारी निलेश चौधरी पर गाज गिर ही गयी. मथुरापुर परबत्ता निवासी अमरेश सिंह के आवेदन के आलोक में डीएम ने डीइओ को जांच कर कार्रवाई का आदेश दिया था. जांच में शिकायत सच पाये जाने तथा स्पष्टीकरण का संतोषजनक जवाब नहीं मिलने के बाद डीइओ सुरेश कुमार साहु ने प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी को निलंबित कर दिया है. निलंबन अवधि में
श्री चौधरी का मुख्यालय प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय खगड़िया बनाया गया है. इस अवधि में जीवनयापन भत्ता नियमानुसार देय होगा. साथ ही प्रपत्र क गठन की कार्रवाई भी की जा रही है.
कोर्ट के आदेश बाद भी निलेश करते रहे मनमानी
बताया जाता है कि प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी ने स्कूल के पुराने भवन को तोड़ कर ईंट, खपड़ा, बांस एवं सखुआ की लकड़ी बेचकर राशि को मौखिक खर्च दिखाकर हजम कर लिया गया. इतना ही नहीं उच्च न्यायालय के आदेश बाद शिक्षिका पद से हटायी गयी अपर्णा देवी (श्री चौधरी की पत्नी) को मध्य विद्यालय मथुरापुर में रहकर उपस्थिति पंजी में हस्ताक्षर दर्ज करवाया जा रहा था. जब मामला अधिकारियों के संज्ञान में आया तो सात जुलाई 2017 को सोची समझी चाल के तहत उपस्थिति पंजी की चोरी दिखा कर गरदन बचाने की कोशिश भी प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी के काम नहीं आयी. इतना ही नहीं मध्य विद्यालय मथुरापुर में नियमित शिक्षक संजय कुमार पासवान के रहते मध्य विद्यालय भरतखंड के प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी वित्तीय प्रभार लेने में कामयाब हो गये.
डीएम से शिकायत के बाद हरकत में आया विभाग
पूरे मामले में परबत्ता के मथुरापुर निवासी अमरेश सिंह ने डीएम को आवेदन देकर प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी पर गंभीर आरोप लगाते हुए जांच कर कार्रवाई की मांग की थी. जिलाधिकारी कार्यालय के गोपनीय शाखा के पत्रांक 1246 के माध्यम से डीइओ को पत्र भेज कर मध्य विद्यालय मथुरापुर के प्रभारी प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी के कारनामों के संबंध में मिली शिकायत की स्वयं जांच कर रिपोर्ट देने को कहा गया है. इसके बाद से ही प्रधानाध्यापक श्री चौधरी पर कड़ी कार्रवाई की आशंका जतायी जा रही थी.
भवन निर्माण विभाग खगड़िया से स्कूल भवन तोड़ने से संबंधित प्रमाण पत्र नहीं लेना व मनमाने ढंग से ईंट, खपड़ा, बांस एवं सखुआ की लकड़ी बेचकर राशि का अनियमित खर्च मौखिक बता कर हजम कर जाना. जो वित्तीय गबन की श्रेणी में आता है.
हाई कोर्ट पटना के आदेश के बावजूद अपनी पत्नी अपर्णा देवी को मथुरापुर में रहकर शिक्षक उपस्थिति पंजी में हस्ताक्षर दर्ज करवाना तथा 07.07.2017 को शिक्षक उपस्थिति पंजी चोरी हो जाना इस बात का संकेत करता है कि ये आपकी सोची-समझी साजिश/चाल थी. जो संगीन अपराध को दर्शाता है.
मध्याह्न भोजन में हेराफेरी के बाद वेतन से राशि वसूली के आदेश के बावजूद प्रधानाध्यापक ने मार्च 2017 में निकाला पूरा वेतन
मध्य विद्यालय मथुरापुर में नियमित शिक्षक संजय कुमार पासवान के रहते तत्कालीन डीइओ को अंधेरे में रखकर इस विद्यालय का वित्तीय प्रभार लेने, बरखास्त होने के बाद भी प्रधानाध्यापक निलेश चौधरी की पत्नी अपर्णा देवी द्वारा मध्य विद्यालय मथुरापुर के उपस्थिति पंजी पर हाजिरी बनाने, पुराने भवन को तोड़ कर लाखों की राशि गबन आदि के आरोप में मध्य विद्यालय भरतखंड सह कस्तूरबा विद्यालय परबत्ता के प्रभारी निलेश चौधरी को निलंबित कर दिया गया है. निलंबन अवधि में श्री चौधरी का मुख्यालय प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय खगड़िया बनाया गया है.
सुरेश कुमार साहु, डीइओ.
