मन्नत पूरी होने पर महिला मां दुर्गा की आस्था में अन्न-जल त्याग कर अनुष्ठान में समर्पित हुई कोढ़ा कोढ़ा प्रखंड के खुदना गांव स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में वार्ड तीन की आशा देवी, पति विश्वनाथ पासवान अपने पुत्र के स्वास्थ्य लाभ के लिए मां दुर्गा से मन्नत मांगी थी. मन्नत पूरी हो जाने के बाद आशा देवी ने नवरात्र में विशेष संकल्प लिया है. वे पिछले सात दिनों से बिना अन्न-जल ग्रहण किये मंदिर परिसर में लेटी हुई हैं. कहा, पूरे नवरात्र इसी तरह मां दुर्गा की शरण में रहेंगी. आशा देवी का कहना है कि यह सब मां दुर्गा की कृपा से संभव हुआ है. जब तक नवरात्र समाप्त नहीं होगा. तब तक वे अन्न-जल का त्याग कर व्रत और साधना करेंगी. देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर में पहुंच रहे हैं. इसे आस्था का अद्भुत उदाहरण बताया जा रहा है. रौतारा प्रशासन ने मेले और महिला की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए विशेष निगरानी की व्यवस्था की है. प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि मेले में भीड़-भाड़ के बीच किसी तरह की अनहोनी न हो और आशा देवी की सेहत पर भी कड़ी नजर रखी जा रही है. मेला समिति के सदस्यों का कहना है कि इस बार का आयोजन खास बन गया है, क्योंकि आस्था और विश्वास का यह नजारा श्रद्धालुओं के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है.
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