732 विद्यालय में एमडीएम बंद
कटिहार : प्राथमिक व मध्य विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को मध्याह्न भोजन योजना के तहत दोपहर में पका हुआ भोजन देने की व्यवस्था है. विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों के लिए यह व्यवस्था सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर केंद्र व राज्य सरकार ने की है. कटिहार जिले में करीब दो हजार प्राथमिक, मध्य विद्यालय व मदरसा में मध्याह्न भोजन योजना शुरू की गयी है. लेकिन मध्याह्न भोजन योजना मानक के विपरीत चल रही है.
यूं तो जिले के अधिकांश विद्यालयों में मध्याह्न भोजन संचालित हो रही है. लेकिन अभी भी करीब 732 विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना विभिन्न कारणों से बंद है. यद्यपि, जिन विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना संचालित है, वहां भी कई तरह की गड़बड़ियां व्याप्त है. मसलन, मीनू के अनुसार भोजन नहीं बनना व भोजन में पोषक तत्वों की कमी की बात जग जाहिर है. हालांकि राज्य सरकार ने एमडीएम के बेहतर संचालन के लिए राज्य सरकार से लेकर प्रखंड स्तर तक स्वतंत्र मोनेटरिंग सिस्टम विकसित की है.
इसके बावजूद मध्याह्न भोजन का गुणवत्तापूर्ण संचालन नहीं होना मौजूदा व्यवस्था को मुंह चिढ़ाता है. जबकि सरकार ने एमडीएम के प्रतिदिन अनुश्रवण के लिए ऑनलाइन रिपोर्टिंग की भी व्यवस्था की है. इस व्यवस्था का भी प्रभाव नहीं दिख रहा है. आम लोगों में मौजूदा व्यवस्था को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं भी हो रही है. प्रभात खबर ने जिले में चल रही एमडीएम की स्थिति को लेकर विभिन्न स्तरों पर पड़ताल की है. प्रस्तुत है एमडीएम की पड़ताल करती यह रिपोर्ट.
