पतंगबाजी का होगा आयोजन कटिहार. मकर संक्रांति का पर्व पूरे जिले में 15 जनवरी को मनाया जायेगा. लाल बाबा मंदिर के पुजारी बच्चा पंडित के मुताबिक साल में 12 संक्रांति होती है. इनका समय निश्चित होता है. हर 72-73 साल पर अयनाश एक अंश आगे बढ़ जाता है. इससे पृथ्वी की स्थिति कुछ पश्चिम की ओर हो जाती है. इस बदलाव के कारण मकर संक्रांति का समय भी बदल जाता है. अमूमन यह पर्व 14 जनवरी को ही मनायी जाती है. पर नियमित अंतराल पर इसका समय भी बदलता है. वर्ष 2013 में भी मकर सक्रांति 15 साल बाद 15 जनवरी को ही पड़ी थी. इस बार भी यह पर्व 15 जनवरी को मनायी जा रही है. वैसे तो यह ज्योतिष व पंडितों के गुण विशेष पर है. लेकिन पुराने लोग 14 जनवरी को ही यह पर्व मना चुके हैं. पतंगबाजी का भी होता है आयोजनमकर संक्रांति पर्व तो वैसे धार्मिक लिहाज से हिंदुओं का काफी महत्वपूर्ण माना जाता है. जिसको मनाने में सभी प्रकार के धार्मिक कार्य किये जाते हैं. वहीं इन सबसे हट कर इस पर्व के अवसर पर पतंगबाजी का भी एक महत्वपूर्ण योगदान रहता है. इस पर्व के अवसर पर शहर के राजेंद्र स्टेडियम, श्रम कल्याण केंद्र, हवाई अड्डा मैदान, महेश्वरी एकेडमी में पतंगबाजी का भी आयोजन किया जाता है.
पतंगबाजी का होगा आयोजन
पतंगबाजी का होगा आयोजन कटिहार. मकर संक्रांति का पर्व पूरे जिले में 15 जनवरी को मनाया जायेगा. लाल बाबा मंदिर के पुजारी बच्चा पंडित के मुताबिक साल में 12 संक्रांति होती है. इनका समय निश्चित होता है. हर 72-73 साल पर अयनाश एक अंश आगे बढ़ जाता है. इससे पृथ्वी की स्थिति कुछ पश्चिम की […]
