Kaimur News : भगवानपुर प्रखंड मुख्यालय स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी), भगवानपुर में बुधवार की दोपहर एनीमिया मुक्त अभियान को लेकर बैठक सह प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया. इसमें सीएचओ, एएनएम एवं आशा कार्यकर्ताओं को एनीमिया मुक्त कार्यक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी गयी. प्रशिक्षण में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. चंदन कुमार ने बताया कि प्रखंड में ‘एनीमिया मुक्त बिहार’ कार्यक्रम की शुरुआत की गयी है. इसके तहत 30 नवंबर 2026 तक विशेष अभियान चलाया जायेगा.
हीमोग्लोबिन की जांच के बाद मिलेगा प्रमाण पत्र
प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य समुदाय स्तर पर एनीमिया की प्रारंभिक अवस्था में पहचान करना और इसकी रोकथाम के लिए जांच, परामर्श एवं आवश्यक सप्लीमेंट उपलब्ध कराना है. अभियान के दौरान लाभार्थियों के हीमोग्लोबिन की जांच की जायेगी, जिससे उनके शरीर में एनीमिया के स्तर का पता लगाया जा सकेगा. जांच के बाद लाभार्थियों को प्रमाण पत्र भी दिया जायेगा. साथ ही आयरन सिरप, आयरन टैबलेट और कैल्शियम की दवाएं भी उपलब्ध करायी जायेंगी.
स्वास्थ्य केंद्रों से लेकर स्कूल और आंगनबाड़ी तक चलेगा अभियान
उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम प्रखंड स्तर से लेकर स्वास्थ्य उपकेंद्र, हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर, अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, आंगनबाड़ी केंद्रों एवं स्कूलों तक चलाया जायेगा. अभियान के तहत एनीमिया की जांच, परामर्श, नि:शुल्क उपचार तथा आवश्यकता पड़ने पर बेहतर इलाज के लिए मरीजों को रेफर करने की सुविधा भी उपलब्ध करायी जायेगी.
घर-घर जाकर लोगों को जागरूक करेंगी आशा कार्यकर्ता
कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए आशा कार्यकर्ता अपने-अपने क्षेत्र में घर-घर जाकर लोगों को एनीमिया के प्रति जागरूक करेंगी और उन्हें नियमित जांच के लिए प्रेरित करेंगी. एनीमिया की जांच कराने वाले सभी लाभार्थियों का रिकॉर्ड रखने के लिए ‘एनीमिया मुक्त पोर्टल’ पर पंजीकरण किया जायेगा.
इन वर्गों की जांच पर रहेगा विशेष फोकस
अभियान के दौरान पांच से नौ वर्ष के बच्चों, 10 से 19 वर्ष के किशोर-किशोरियों, गर्भवती एवं धात्री महिलाओं तथा प्रजनन आयु वर्ग की महिलाओं की जांच पर विशेष फोकस रहेगा. एनीमिया की जांच एवं उपचार की सुविधा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर, स्कूलों में चलंत चिकित्सा दल और आरोग्य दिवस सत्र स्थल पर उपलब्ध करायी जायेगी.
स्वास्थ्य, शिक्षा और आईसीडीएस विभाग मिलकर करेंगे काम
डॉ. चंदन कुमार ने बताया कि अभियान को सफल बनाने के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा एवं आईसीडीएस विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करेंगे. इसका उद्देश्य शत-प्रतिशत लाभार्थियों की जांच सुनिश्चित करना है. उन्होंने स्वास्थ्यकर्मियों से अभियान के दौरान पूरी गंभीरता के साथ कार्य करने और अधिक से अधिक लोगों को इसका लाभ दिलाने की अपील की.
प्रशिक्षण में स्वास्थ्यकर्मी रहे मौजूद
प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक तारकेश्वर उपाध्याय, बीसीएम शिवानंद पांडेय, प्रखंड लेखपाल पीयूष कुमार, काउंसलर रवि कुमार, रिंकू कुमारी, तबरेज अंसारी, आराधना गुप्ता, राजेंद्र चौधरी, आशा फैसिलिटेटर, आशा कार्यकर्ता सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे.
