कैमूर: रामपुर में जलजमाव से स्कूल, आंगनबाड़ी और स्वास्थ्य केंद्र बेहाल, घुटने भर पानी में पहुंच रहे बच्चे और मरीज

रामपुर के मईदाढ़ कला गांव में स्कूल, आंगनबाड़ी और स्वास्थ्य केंद्र परिसर में जलजमाव से बच्चों और मरीजों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

Kaimur News : रामपुर प्रखंड क्षेत्र के मईदाढ़ कला गांव में लगातार बारिश के बाद जलजमाव ने ग्रामीणों की परेशानी बढ़ा दी है. गांव के उत्क्रमित मध्य विद्यालय, उसी परिसर में संचालित राजकीय आंगनबाड़ी केंद्र और सामुदायिक स्वास्थ्य उपकेंद्र के परिसर में घुटने भर पानी जमा है. जलजमाव के कारण बच्चों की पढ़ाई, आंगनबाड़ी की गतिविधियां, टीकाकरण और स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं. ग्रामीणों में इसको लेकर आक्रोश है.

स्कूल परिसर में घुटने भर पानी, बच्चों को कक्षा तक पहुंचने में परेशानी

ग्रामीणों और प्रधानाध्यापक राम अयोध्या पाल के अनुसार मईदाढ़ कला के उत्क्रमित मध्य विद्यालय की स्थापना वर्ष 1995 में हुई थी, जबकि विद्यालय का नया भवन वर्ष 2012 में बना था. वर्तमान में पुराने शिक्षक आवास में राजकीय आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हो रहा है.

विद्यालय में कुल 225 बच्चे नामांकित हैं, जिनमें 118 छात्र और 107 छात्राएं हैं. विद्यालय में आठ शिक्षक पदस्थापित हैं, जिनमें चार शिक्षक और चार शिक्षिकाएं शामिल हैं. शिक्षकों के अनुसार परिसर में पानी जमा होने से बच्चों को कक्षाओं तक पहुंचने में काफी परेशानी हो रही है. मैदान में पानी भरने के कारण मध्याह्न भोजन और प्रार्थना सभा भी प्रभावित है. कई बच्चे पानी और कीचड़ के कारण फिसलकर गिर रहे हैं.

आंगनबाड़ी केंद्र में 35 नौनिहाल, पोषाहार वितरण में भी परेशानी

इसी परिसर में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र में 35 नौनिहाल नामांकित हैं. सेविका मंजू कुमारी और सहायिका लक्ष्मीना देवी ने बताया कि केंद्र परिसर में पानी घुसने के कारण छोटे बच्चों को बैठने में परेशानी हो रही है. पोषाहार और सूखा राशन वितरण का काम भी प्रभावित हो रहा है. इसके बावजूद नौनिहालों के अभिभावक उन्हें केंद्र तक लेकर पहुंच रहे हैं.

स्वास्थ्य उपकेंद्र तक पहुंचना भी मुश्किल

विद्यालय के बगल में स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य उपकेंद्र भी जलजमाव की समस्या से जूझ रहा है. जर्जर भवन के आसपास पानी जमा होने के कारण इलाज के लिए आने वाले मरीजों और गर्भवती महिलाओं को पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है. इससे स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंचना मुश्किल हो गया है.

हर साल बरसात में बनती है यही स्थिति

ग्रामीणों का कहना है कि हर वर्ष बारिश के मौसम में मईदाढ़ कला गांव में जलजमाव की समस्या उत्पन्न होती है. परिसर से पानी निकासी की कोई समुचित व्यवस्था नहीं है. ग्रामीणों के अनुसार इस समस्या को लेकर कई बार मुखिया और बीडीओ से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हो सका है.

ग्रामीणों ने जल निकासी और मिट्टी भराई की मांग की

ग्रामीणों ने जिला और प्रखंड प्रशासन से विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र तथा स्वास्थ्य उपकेंद्र परिसर से तत्काल पानी निकासी की व्यवस्था कराने की मांग की है. साथ ही परिसर को ऊंचा कर मिट्टी भराई कराने की भी मांग की गई है, ताकि भविष्य में बारिश के दौरान बच्चों की पढ़ाई और स्वास्थ्य सेवाएं बाधित न हों.

झाली स्कूल का परिसर भी जलमग्न

क्षेत्र के उत्क्रमित मध्य विद्यालय झाली की स्थिति भी इससे अलग नहीं है. यहां भी जलजमाव के कारण बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है. विद्यालय का पूरा परिसर पानी में डूबा हुआ है. ग्रामीणों के अनुसार यहां भी पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है. उन्होंने प्रशासन से दोनों विद्यालयों सहित जलजमाव प्रभावित सरकारी संस्थानों में स्थायी जल निकासी की व्यवस्था कराने की मांग की है.

1 उत्तक्रमित मध्य विद्यालय मईदाढ़ कला में जलजमाव 2 उत्तक्रमित मध्य विद्यालय झाली में जलजमाव | Prabhat Khabar Network

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By राजू कुमार

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