Kaimur News : अमित कुमार सिन्हा की रिपोर्ट : कैमूर जिले के सर्राफा बाजार से लेकर सब्जी मंडी तक आज बड़ा उलटफेर देखने को मिल रहा है. बाजार में मांग की कमी के चलते सोने-चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव का दौर जारी है. आज बुधवार को सोने के भाव में 1790 रुपये प्रति 10 ग्राम की बड़ी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे आभूषण खरीदारों को थोड़ी राहत मिली है. वहीं दूसरी ओर, मंडी में आलू-प्याज की कीमतों में आ रही तेजी पर तो ब्रेक लगा है, लेकिन नींबू, हरी मिर्च और धनिए के भाव आसमान छू रहे हैं.
सोना हुआ सस्ता, चांदी के दाम स्थिर
स्थानीय स्वर्ण व्यवसायी राजू रस्तोगी के अनुसार, वैश्विक और स्थानीय बाजार के समीकरणों के कारण सोने-चांदी के दामों में अभी और उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है. बुधवार को कैमूर में सर्राफा बाजार का भाव कुछ इस तरह रहा:
24 कैरेट सोना : ₹1,51,830 प्रति 10 ग्राम (बीते दिन यह ₹1,53,620 पर था)
22 कैरेट सोना : ₹1,38,700 प्रति 10 ग्राम
18 कैरेट सोना : ₹1,16,000 प्रति 10 ग्राम
चांदी (प्रति किलो) : ₹2,67,000 से ₹2,85,000 तक (पिछले एक सप्ताह से स्थिर)
चांदी के जेवर : ₹2,000 प्रति 10 ग्राम (मेकिंग चार्ज अलग से)
चांदी के बर्तन : ₹2,200 प्रति 10 ग्राम (मेकिंग चार्ज अलग से)
आलू-प्याज की तेजी थमी, लहसुन और मिर्च के तेवर तीखे
आढ़ती संघ के जिला अध्यक्ष कुतुबुद्दीन राईन ने बताया कि कुछ दिनों से बाहर से आने वाली सब्जियों के दाम तेज थे, लेकिन अब हरी सब्जियां थोड़ी सस्ती हो रही हैं. हालांकि, गर्मी बढ़ने के कारण नींबू, हरी मिर्च और धनिया पत्ती के दाम बेहद महंगे हो गए हैं. फिलहाल कैमूर में नींबू ₹20 की जोड़ी (दो पीस), हरी मिर्च ₹80 से ₹100 प्रति किलो और हरा धनिया ₹250 प्रति किलो के पार पहुंच चुका है.
मंडी में थोक भाव
आलू : ₹680 से ₹840
प्याज : ₹1380 से ₹1660 (आने वाले दिनों में इसके रेट और गिरने की संभावना है)
लहसुन : ₹800 से ₹1000 (क्वालिटी के अनुसार ₹40 से ₹50 की बढ़त बरकरार है)
टमाटर: ₹1000 से ₹2000
अनाज, दाल और तिलहन के ताजा भाव
कैमूर की गल्ला मंडी में आज अनाज और दालों के दाम स्थिर नजर आए. बुधवार को विभिन्न जिंसों के भाव इस प्रकार रहे:
गेहूं : ₹2200 से ₹2500
धान (सामान्य) : ₹1800 से ₹2100
चना दाल : ₹4800 से ₹5400
मसूर दाल : ₹5500 से ₹6200
अरहर दाल : ₹6500 से ₹7500
सरसों (तिलहन) : ₹5000 से ₹5800
आगे क्या होगी स्थिति
मंडी विशेषज्ञों का कहना है कि वर्तमान में भले ही हरी सब्जियां कुछ सस्ती हुई हैं, लेकिन जैसे ही गर्मी और बढ़ेगी तथा रांची व वाराणसी से सब्जियों की आवक शुरू होगी, वैसे ही हरी सब्जियों के दाम एक बार फिर आम आदमी की जेब पर भारी पड़ सकते हैं.
