Kaimur News : चांद प्रखंड अंतर्गत हाटा-महदाइच मुख्य सड़क की स्थिति इन दिनों काफी खराब हो गयी है. महदाइच गांव के समीप सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे बन गये हैं. बरसात के दिनों में इन गड्ढों में पानी भर जाने से सड़क और गड्ढे का अंतर स्पष्ट नहीं दिखाई देता. ऐसे में वाहन चालकों और राहगीरों को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. ग्रामीणों का कहना है कि समय रहते सड़क की मरम्मत नहीं करायी गयी तो कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है.
करीब 200 फीट सड़क पर गड्ढों का जाल
ग्रामीणों के अनुसार जमालपुर मोड़ से उत्तर प्रदेश की सीमा तक महदाइच गांव के समीप करीब 200 फीट हिस्से में सड़क की हालत बेहद खराब है. इस हिस्से में कई जगह बड़े-बड़े गड्ढे उभर आये हैं. लगातार बारिश होने से इन गड्ढों में पानी जमा हो गया है. दोपहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक परेशानी हो रही है. कई बार वाहन चालक पानी में छिपे गड्ढों की गहराई का अंदाजा नहीं लगा पाते, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है.
बारिश में और खतरनाक हो जाती है सड़क
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर गड्ढे लगातार बढ़ते जा रहे हैं. बारिश के दौरान स्थिति और भी गंभीर हो जाती है. रात के समय पानी से भरे गड्ढे दिखाई नहीं देने के कारण वाहन चालकों के लिए खतरा बढ़ जाता है. वहीं, भारी वाहनों के लगातार गुजरने से भी सड़क की स्थिति खराब हो रही है.
बिहार-UP को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण मार्ग
हाटा-महदाइच सड़क बिहार को उत्तर प्रदेश से जोड़ने वाली महत्वपूर्ण मुख्य सड़क है. इसी मार्ग से बड़ी संख्या में लोग उत्तर प्रदेश की ओर आवागमन करते हैं. बिहार-उत्तर प्रदेश की सीमा पर जांच केंद्र भी स्थित है, जिसके कारण इस सड़क पर वाहनों की आवाजाही बनी रहती है. ऐसे महत्वपूर्ण मार्ग के एक हिस्से में लंबे समय से गड्ढे बने रहने को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी है.
खानापूर्ति नहीं, स्थायी मरम्मत की मांग
स्थानीय ग्रामीणों ने संबंधित विभाग और प्रशासन से सड़क के क्षतिग्रस्त हिस्से का जल्द निरीक्षण कराने की मांग की है. ग्रामीणों का कहना है कि गड्ढों को केवल खानापूर्ति के तौर पर भरने के बजाय सड़क की गुणवत्ता के साथ स्थायी रूप से मरम्मत करायी जानी चाहिए, ताकि बारिश के बाद दोबारा ऐसी स्थिति उत्पन्न नहीं हो.
ग्रामीण बोले- हादसा हुआ तो जिम्मेदारी विभाग की होगी
लोगों का कहना है कि बिहार और उत्तर प्रदेश के बीच आवागमन के इस महत्वपूर्ण मार्ग की खराब स्थिति को नजरअंदाज करना लोगों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ है. यदि समय रहते सड़क की मरम्मत नहीं करायी गयी और कोई बड़ा हादसा हुआ तो इसकी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी. ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल कार्रवाई कर सड़क को सुरक्षित और आवागमन योग्य बनाने की मांग की है.
