चुनाव प्रक्रिया पर आरोप लगाना गलत
औरंगाबाद कार्यालय : जिला पर्षद अध्यक्ष पद की चुनाव में पराजित प्रत्याशी शिला सिंह द्वारा चुनाव प्रक्रिया के बारे में जो भी आरोप लगाये जा रहे हैं, वह निराधार, असत्य व आधारहीन है. इस तरह के आरोप लगाने के बजाय हार को स्वीकार करें, क्योंकि उनके पास बहुमत नहीं था. ये बातें रविवार को जिला पर्षद के अतिथि गृह में नवनिर्वाचित जिला पर्षद अध्यक्ष नीतू सिंह ने कही. उन्होंने कहा कि जीप अध्यक्ष के चुनाव में शपथ ग्रहण के बाद सदन के भीतर चुनाव प्रक्रिया जब शुरू हुई तो हर इशू पर जिला पदाधिकारी सह जिला निर्वाची पदाधिकारी द्वारा उपस्थित पार्षदों से पूछा जाता रहा कि आपको किसी भी प्रकार की आपत्ति हो तो रखें. लेकिन, किसी ने भी कोई आपत्ति नहीं जतायी और अब कहा जा रहा है कि हमने आपत्ति की थी,
तो यह झूठ और आधारहीन है. जिला पर्षद अध्यक्ष का चुनाव राज्य निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशानुसार स्वच्छ और निष्पक्ष रूप से कराया गया है. प्रतिद्वंद्वी रही शीला सिंह हार को पचाने के बजाय बेबुनियाद आरोप लगाना बंद करें. वहीं, जिला पार्षद शंकर यादवेंदु ने कहा कि त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव निष्पक्ष व शांतिपूर्ण संपन्न कराने में सफल रहे जिला प्रशासन प्रशंसा के पात्र हैं.
राजनीति में पराजय भी स्वीकार करना पड़ता है : उपाध्यक्ष
जिला पर्षद उपाध्यक्ष महिपत राम ने कहा कि राजनीति में हार और जीत हाेता है. लेकिन इस तरह के बेबुनियाद आरोप लगाना किसी भी मायने में उचित नही है. जिला पार्षद धनवंती देवी ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष रूप से पूरी की गयी है. आरोप लगानेवाले पहले यह देख लें कि उनके पास कितने पार्षद थे, इसके बाद आरोप लगायें. जिला पार्षद अनिल कुमार यादव ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया पर प्रश्न उठाना किसी भी मायने में उचित नहीं है.
