jehanabad News : जहानाबाद में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश विकास कुमार के निर्देशानुसार मंगलवार को मंडल कारा जहानाबाद में नालसा द्वारा संचालित जागृति 2025 अभियान के तहत विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया. इस बार कार्यक्रम का विषय ‘सशक्त युवा, सशक्त भारत’ रखा गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता जेल अधीक्षक अजीत कुमार ने की, जबकि मुख्य वक्ता के रूप में डिप्टी चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल राजीव कुमार ने बंदियों को संबोधित किया.
युवा देश की सबसे बड़ी ऊर्जा शक्ति
राजीव कुमार ने कहा कि युवा देश का भविष्य ही नहीं, बल्कि वर्तमान की सबसे बड़ी ऊर्जा शक्ति भी हैं. बच्चे और किशोर समाज की महत्वपूर्ण पूंजी हैं. यदि कोई बच्चा गलत संगति या परिस्थितियों के कारण कानून के संपर्क में आ जाता है तो उद्देश्य केवल दंड देना नहीं, बल्कि उसे सुधार और पुनर्वास के माध्यम से समाज की मुख्यधारा में वापस लाना होना चाहिए.
उन्होंने कहा कि एक गलती किसी युवा के पूरे जीवन का फैसला नहीं हो सकती. संविधान प्रत्येक व्यक्ति को समानता और न्याय का अधिकार देता है. जेल की दीवारें शरीर को सीमित कर सकती हैं, लेकिन सोच, शिक्षा और विश्वास को नहीं. उन्होंने बंदियों से जेल में बिताए समय का सदुपयोग करने, कानून को समझने, शिक्षा प्राप्त करने और अपने अधिकारों की जानकारी हासिल करने की अपील की.
गलती से सीखकर सही रास्ते पर लौटने का संदेश
राजीव कुमार ने कहा कि गलती जीवन का अंत नहीं है. उससे सीख लेकर सही रास्ते पर लौटना ही वास्तविक सशक्तिकरण है. उन्होंने कहा कि सशक्त युवा ही सशक्त भारत का निर्माण कर सकते हैं. जेल अधीक्षक अजीत कुमार ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान परिस्थिति स्थायी नहीं है. यदि किसी गलती के कारण वे जेल में हैं तो इस समय को अवसर में बदलना चाहिए और आगे समाज में सम्मानजनक जीवन जीने का प्रयास करना चाहिए.
स्कूल और पर्यवेक्षण गृह में भी हुआ कार्यक्रम
कार्यक्रम में जेल सहायक अधीक्षक सुधीर कुमार, अधिकार मित्र विमल कुमार और जेल अधिकार मित्र नवीन सिंह ने सहयोग किया. प्राधिकार सचिव ब्रजेश कुमार ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस के परिप्रेक्ष्य में जहानाबाद और अरवल जिले के सभी विधिक साक्षरता क्लबों और विद्यालयों में भी इस विषय पर कार्यक्रम आयोजित करने का निर्देश दिया गया है. इसी कड़ी में पर्यवेक्षण गृह जहानाबाद में पैनल अधिवक्ता जितेंद्र कुमार सक्सेना और पारा विधिक स्वयंसेवक अरुण कुमार सिंह ने तथा मुरलीधर उच्च विद्यालय जहानाबाद में पैनल अधिवक्ता किरण कुमारी और पारा विधिक स्वयंसेवक पूनम कुमारी ने बंदियों और छात्रों को उनके कानूनी अधिकारों और सुधार के अवसरों के बारे में विस्तार से जानकारी दी.
शिक्षा और जागरूकता से बदल सकती है जिंदगी
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को यह संदेश देना रहा कि शिक्षा, कानूनी जागरूकता और सकारात्मक सोच के माध्यम से जीवन की दिशा बदली जा सकती है. वक्ताओं ने युवाओं को अपनी गलतियों से सीख लेकर बेहतर भविष्य के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया.
