Jahanabad News: (अशोक कुमार की रिपोर्ट)
बिहार राज्य प्रारंभिक शिक्षक संघ के बैनर तले नियोजित शिक्षकों ने अपनी 27 सूत्री मांगों के समर्थन में मंगलवार को समाहरणालय के समीप एक दिवसीय धरना दिया. धरने की अध्यक्षता संघ के जिलाध्यक्ष शंभू कुमार ने की. बड़ी संख्या में शिक्षक और शिक्षक नेता कार्यक्रम में शामिल हुए.
चार माह से वेतन नहीं मिलने पर नाराजगी
धरना को संबोधित करते हुए शिक्षक नेताओं ने कहा कि नियोजित शिक्षकों को पिछले चार महीनों से वेतन का भुगतान नहीं किया गया है, जो अत्यंत चिंताजनक और दुर्भाग्यपूर्ण है. उन्होंने सरकार से अविलंब वेतन भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की.
प्रोन्नति नहीं मिलने पर उठाए सवाल
संघ के नेताओं ने कहा कि नियमावली में स्पष्ट प्रावधान होने के बावजूद नियोजित शिक्षकों को कालबद्ध प्रोन्नति, स्नातक ग्रेड में प्रोन्नति और प्रधानाध्यापक पद पर प्रोन्नति नहीं दी जा रही है. इसे उन्होंने सरकार का दोहरा रवैया बताया.
पहली तारीख को वेतन भुगतान की मांग
धरने में शामिल शिक्षकों ने सभी कोटि के शिक्षकों को प्रत्येक माह की पहली तारीख को वेतन भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की. साथ ही 12 वर्ष की सेवा पूरी करने वाले शिक्षकों को कालबद्ध प्रोन्नति तथा निर्धारित अवधि पूरी करने वालों को स्नातक ग्रेड और प्रधानाध्यापक पद पर प्रोन्नति देने की मांग उठाई.
स्थानांतरण और वेतनमान से जुड़े मुद्दे भी उठे
शिक्षकों ने अंतर जिला और जिला अंतर्गत ऐच्छिक एवं पारस्परिक स्थानांतरण प्रक्रिया शुरू करने, सभी कोटि के शिक्षकों को सप्तम पुनरीक्षित वेतनमान के तहत पे-बैंड-2 का पूर्ण लाभ देने तथा पुरानी पेंशन योजना लागू करने की मांग की.
अनुकंपा नियुक्ति और ईपीएफ पर भी जोर
धरना में मृत शिक्षकों के आश्रितों की लंबित अनुकंपा नियुक्ति मामलों का शीघ्र निष्पादन, ईपीएफ अंशदान की कटौती वास्तविक मूल वेतन के आधार पर सुनिश्चित करने तथा सेवा से मुक्त अप्रशिक्षित शिक्षकों को पुनः योगदान कराकर वेतन भुगतान करने की मांग भी की गई.
शिक्षकों की समस्याओं के समाधान की मांग
जिलाध्यक्ष शंभू कुमार और जिला सचिव बृजेश कुमार विभू ने कहा कि शिक्षकों के वेतन भुगतान के लिए जीओबी मद में आवंटन उपलब्ध कराया जाए और नियोजित शिक्षक, विशिष्ट शिक्षक, विद्यालय अध्यापक, प्रधान शिक्षक एवं प्रधानाध्यापक से जुड़ी सभी समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाए.
