शहर के आंबेडकर चौक के समीप बनी सरकारी दुकानें हैं जर्जर

शहर के भीड़-भाड़ वाला इलाका आंबेडकर चौक के पास बना सरकारी दुकान काफी जर्जर हो चुका है, इसके बावजूद भी जान जोखिम डालकर दुकानदार व्यवसाय कर रहे हैं.

जहानाबाद सदर. शहर के भीड़-भाड़ वाला इलाका आंबेडकर चौक के पास बना सरकारी दुकान काफी जर्जर हो चुका है, इसके बावजूद भी जान जोखिम डालकर दुकानदार व्यवसाय कर रहे हैं. आंबेडकर चौक से दाएं जिला परिषद का लगभग 15 दुकान बना हुआ है. दुकान के आगे बरामदा है. बरामदा के छत से छड़ दूर से ही दिखाई रहा है. ढलाई टूट कर नीचे गिरते रहता है, फिर भी सभी दुकान संचालित हो रही है. दुकान संचालित होने के कारण दुकान खोलते ही लोगों का आना-जाना शुरू हो जाता है. वैसी स्थिति में दुकान के आगे बना हुआ बरामदा के छत से ढलाई टूट कर नीचे गिरना काफी खतरनाक साबित हो सकता है. ज्ञात हो कि आंबेडकर चौक के दाएं तरफ काफी पुराना सरकारी दुकान बना हुआ है, जिसमें दर्जनों लोग अपना व्यवसाय संचालित कर रहे हैं. दुकान के आगे चारों ओर बरामदा भी बनाया गया था, लेकिन बरामदा के छत से ढलाई विगत एक साल से टूट कर नीचे गिरते रहता है और छत का रॉड साफ दिखायी दे रही है. लगातार बारिश होने के बाद अगर बरामदा का छत गिर जाता है, तो बड़ा हादसा भी घटित हो सकती है. समय रहते अगर इसकी मरम्मत नहीं कराई गयी, तो बड़ा हादसा का गवाह भी बन सकता है.

एक दिन पूर्व भी गिर चुका है जर्जर छज्जा

लगातार बारिश होने के कारण शहर के भीड़-भाड़ वाला इलाका अस्पताल मोड़ के समीप एक चिकित्सक के क्लिनिक के आगे सरकारी दुकान का बना हुआ छज्जा अचानक गिर गया, जिसमें दो व्यक्ति घायल भी हो गये थे. प्रशासन इस घटना के बाद भी सचेत नहीं हो रही है और कई ऐसे जर्जर भवन हैं जिसमें दुकान एवं अन्य काम का निबटारा भी किया जा रहा है जिससे हादसा होने की भी संभावना बनी रहती है. आंबेडकर चौक के समीप बना हुआ सरकारी दुकान भी इन दिनों काफी जर्जर हो चुका है. फिर भी दुकान का संचालन हो रहा है. एक व्यक्ति ने बताया कि हमलोग बरामदा में खड़ा थे, ऊपर से छत की ढलाई टूट कर अचानक गिर गयी, यह महज संयोग रहा कि हमलोग बच गये थे.

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Author: AMLESH PRASAD

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