रतनी (जहानाबाद) से अविनाश कुमार की रिपोर्ट
Jahanabad News : रतनी प्रखंड क्षेत्र के लाखापुर गांव निवासी सीआईएसएफ जवान रौशन कुमार का शव जैसे ही गांव पहुंचा, पूरे इलाके में कोहराम मच गया. शव देख परिजनों बार-बार बोल रहे थे अब हमनी केकरा भरोसे रहब…कह दहाड़ मारकर राेने लग रहे. पिता बार-बार बेहोश हो जा रहे है.फतुहा में राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया.
मुंबई एयरपोर्ट पर तैनात थे जवान, हार्ट अटैक से मौत
जानकारी के अनुसार, रौशन कुमार मुंबई एयरपोर्ट पर सीआईएसएफ में तैनात थे. वर्ष 2016 में उनकी नौकरी लगी थी और 2018 में उनका विवाह हुआ था. उनके पांच वर्षीय पुत्र रुद्र कुमार हैं. परिजनों के अनुसार बुधवार रात उन्हें अचानक बेचैनी हुई, जिसके बाद नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान हार्ट अटैक से उनकी मौत हो गई.
सीआईएसएफ जवानों ने दी अंतिम सलामी
घटना की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और गांव में मातम पसर गया। शहीद का पार्थिव शरीर विमान से पटना लाया गया, जहां सीआईएसएफ जवानों ने उन्हें अंतिम सलामी दी. इसके बाद गुरुवार रात शव लाखापुर गांव पहुंचा.
अंतिम दर्शन के लिए उमड़ें ग्रामीण
गांव में शव पहुंचते ही हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े. लोगों ने नम आंखों से श्रद्धांजलि अर्पित की. इस दौरान पीपी पब्लिक स्कूल के चेयरमैन अभिराम शर्मा और परिवहन संघ के जिला अध्यक्ष राकेश कुमार ने पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी.
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था. मां संजुक्ता देवी, पत्नी प्रियंका कुमारी और पिता दिनेश शर्मा बार-बार बेहोश हो जा रहे थे। परिजन “अब हम केकरा भरोसे रहब…” कहकर चीत्कार कर रहे थे, जिससे माहौल और भी गमगीन हो गया.
फतुआ में राजकीय सम्मान के साथ हुआ अंतिम संस्कार
शुक्रवार को फतुहा में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान पांच वर्षीय पुत्र रुद्र कुमार ने अपने पिता को मुखाग्नि दी, जिसे देखकर वहां मौजूद हर व्यक्ति भावुक हो उठा. सीआईएसएफ अधिकारियों ने बताया कि परिवार को सरकार की ओर से मिलने वाले सभी लाभ प्रदान किए जाएंगे.
गांव में अभी भी मातम का माहौल है और लोग शहीद जवान को याद कर शोक व्यक्त कर रहे हैं.
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