महज चार फुट जमीन के लिए हमलावरों ने मचाया था आतंक
जहानाबाद : परसबिगहा थाना क्षेत्र की नौरू पंचायत अंतर्गत मिश्रबिगहा गांव में कुख्यात अपराधी गेहूंमन यादव और उसके गुर्गों के हमले में बुरी तरह घायल हुए युवक ललित कुमार (24 वर्ष) ने भी दम तोड़ दिया. बुधवार की शाम करीब 4:30 बजे पीएमसीएच में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गयी. उक्त कांड में मृतकों की संख्या तीन हो गयी है. दो का इलाज चल रहा है. महज चार फुट जमीन के लिए मिश्रबिगहा के ही निवासी कुख्यात गेहूंमन यादव ने 11 दिसंबर की रात अपने गिरोह के कई हथियारबंद गुर्गों के साथ हमला कर पड़ोस में रहने वाले पांच सगे भाइयों का अपहरण किया था और सभी की बेरहमी से पिटाई की थी.
घर में लूटपाट मचाया था. फायरिंग कर गांव में दहशत कायम कर दी थी. पिटाई के कारण ही 12 दिसंबर की सुबह पीएमसीएच ले जाने के दौरान वीरेंद्र यादव और राजू यादव की मौत हो गयी थी. तीन अन्य भाई ललित कुमार, भूषण कुमार एवं सुरिष्ठ यादव का इलाज पटना में हो रहा है जिसमें अंतत: ललित ने भी दम तोड़ दिया. वह प्राइवेट आईटीआई कॉलेज में काम करने के साथ-साथ पढ़ाई भी करता था. कुछ दिनों पूर्व सुरिष्ठ यादव पीएमसीएच से रिलीज होने के बाद जहानाबाद आया, लेकिन अपराधियों के भय से वह अपने गांव मिश्रबिगहा में नहीं रह रहा है. वह अपने मामा के घर दूसरे गांव में रहकर दर्द से अभी भी कराह रहा है. घायल उसके एक अन्य भाई भूषण अभी भी पीएमसीएच में जीवन-मौत से जूझ रहा है.
तीन बेटों की मौत से टूट चुकी है गूंगी गबुधनी
कुख्यात गेहूंमन की गिरफ्तारी नहीं होने से भयभीत है पीड़ित परिवार व ग्रामीण
नौ दिन पूर्व पांच सगे भाइयों का अपहरण कर की थी पिटाई, पूर्व में दो की हो चुकी थी मौत
गूंगी मां गबुधनी का रो-रोकर है बुरा हाल
छात्र ललित की मौत की खबर जैसे ही मिश्रबिगहा गांव में पहुंची तो फिर से शोक की लहर ताजा हो गयी. ललित की भी मौत हो जाने की खबर सुनकर उसकी गूंगी मां गबुधनी देवी और परिवार के अन्य लोग बेहाल हो गये. गांव में कोहराम मच गया. तीन बेटों की मौत और दो के घायल रहने से उक्त गूंगी महिला पूरी तरह टूट चुकी है. तीसरे भाई की भी मौत की खबर पाकर परसबिगहा थानाध्यक्ष लाल बहादुर यादव और टेहटा ओपी के प्रभारी अमरेंद्र कुमार सशस्त्र बलों के साथ मिश्रबिगहा गांव में कैंप किये हुए है. एसपी ने विधि-व्यवस्था सामान्य रखने को लेकर पुलिसकर्मियों को चौकस रहने का निर्देश दिया है. सुरक्षा के लिहाजन गांव में पहले से ही अतिरिक्त बलों की प्रतिनियुक्ति की गयी है. वैसे गेहूंमन के भय से पीड़ित परिवारों के अलावा अन्य ग्रामीणों में भी भय का माहौल है. लोग इस इंतजार में हैं कि गेहूंमन एवं अन्य नामजद अभियुक्तों को पकड़ने में पुलिस कब कामयाब होती है.
