बीड़ी श्रमिकों की बदहाली पर संघ ने श्रम अधीक्षक को सौंपा मांग पत्र

बीड़ी उद्योग में कार्यरत श्रमिकों की ज्वलंत समस्याओं को लेकर बिहार प्रदेश बीडी़ मजदूर संघ के तत्वावधान में बिहार प्रदेश बीड़ी मजदूर संघ ने श्रम विभाग का ध्यान आकृष्ट किया है.

जमुई . बीड़ी उद्योग में कार्यरत श्रमिकों की ज्वलंत समस्याओं को लेकर बिहार प्रदेश बीडी़ मजदूर संघ के तत्वावधान में बिहार प्रदेश बीड़ी मजदूर संघ ने श्रम विभाग का ध्यान आकृष्ट किया है. संघ की ओर से मंगलवार को परमेश्वर प्रसाद यादव के नेतृत्व में श्रम अधीक्षक को एक मांग पत्र सौंपते हुए बीड़ी श्रमिकों को न्यूनतम मजदूरी, सामाजिक सुरक्षा और कल्याणकारी योजनाओं का लाभ सुनिश्चित कराने की मांग की गयी है. संघ ने कहा कि न्यूनतम मजदूरी घोषित होने के बावजूद इसका समुचित क्रियान्वयन नहीं हो पा रहा है, जिससे श्रमिकों का जीवन अत्यंत दयनीय हो गया है. मांगपत्र में बताया गया कि बिहार में बीड़ी श्रमिकों के लिए सरकार द्वारा न्यूनतम मजदूरी 412 रुपये निर्धारित है, लेकिन बीड़ी कंपनियां निर्धारित मूल्य का भुगतान नहीं कर रही हैं. मांगपत्र में बीड़ी श्रमिक कल्याण निधि अधिनियम 1978 के तहत पहचान पत्र निर्गत कर बीड़ी श्रमिक कल्याण बोर्ड से पंजीकरण कराने, स्वास्थ्य, शिक्षा, छात्रवृत्ति एवं आवास योजनाओं का लाभ देने की मांग की गई है. संघ ने बताया कि जमुई जिले में बड़ी संख्या में बीड़ी श्रमिक अब तक पंजीकृत नहीं हैं, जिसके कारण वे सरकारी योजनाओं से वंचित हैं. संघ ने चेतावनी दी है कि यदि 15 फरवरी तक इन समस्याओं पर ठोस विचार-विमर्श कर समाधान नहीं किया गया, तो प्रखंड स्तर से लेकर जिला स्तर तक उग्र आंदोलन किया जायेगा. इस संबंध में प्रतिलिपि जिला अधिकारी जमुई, उपमुख्यमंत्री बिहार सरकार, श्रम आयुक्त मुंगेर, श्रम मंत्री बिहार सरकार एवं भारतीय मजदूर संघ पटना को भी भेजी गई है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >