जमुई . राजस्व कर्मचारियों की लंबित मांगों को पूरा नहीं किये जाने व लगातार नये असंवैधानिक फरमान जारी किये जाने के विरोध में गुरुवार को जिले के सभी राजस्व कर्मचारियों ने शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन किया. यह धरना शहर के कचहरी चौक स्थित आंबेडकर प्रतिमा स्थल पर बिहार राज्य भूमि सुधार कर्मचारी संघ, संयुक्त संघर्ष मोर्चा के आह्वान पर आयोजित किया गया. धरने में शामिल कर्मचारियों ने राज्य सरकार और राजस्व विभाग की नीतियों के खिलाफ जमकर विरोध दर्ज कराया. धरना स्थल पर मौजूद जिला राजस्व कर्मचारी संघ के सचिव अभिषेक कुमार त्रिवेदी ने बताया कि राजस्व कर्मचारियों की 17 सूत्री मांगों को वर्ष 2025 में सरकार ने मान लिया था, लेकिन आज तक उनका कार्यान्वयन नहीं किया गया है. इससे कर्मचारियों में गहरा आक्रोश व्याप्त है. उन्होंने कहा कि राजस्व कर्मचारियों का ग्रेड पे 1900 के बजाये 2800 अथवा शैक्षणिक योग्यता स्नातक होने के कारण 4200 किया जाये. साथ ही, सभी नवनियुक्त राजस्व कर्मचारियों को गृह जिला में पदस्थापन, वर्षों से लंबित प्रोन्नति, एसीपी-एमएसीपी का लाभ तथा सेवा संपुष्टि शीघ्र करने की मांग की गयी. कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि एक-एक राजस्व कर्मचारी पर कई हल्का और पंचायतों का अतिरिक्त प्रभार डालकर उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है. विभाग द्वारा ऑनलाइन कार्य के लिए पर्याप्त संसाधन, इंटरनेट सुविधा, कार्यालय, फर्नीचर और अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध नहीं कराई जा रही है. इसके बावजूद अवकाश के दिनों में भी कार्य लिया जाता है, जो नियमों के विरुद्ध है. संघ के पदाधिकारियों ने बताया कि चरणबद्ध आंदोलन के तहत 3 फरवरी को काला बिल्ला लगाकर कार्य किया गया, 5 फरवरी को सभी जिला मुख्यालयों पर धरना दिया गया, जबकि 9 फरवरी को गर्दनीबाग, पटना में राज्यस्तरीय धरना प्रदर्शन किया जायेगा. इसके बाद भी यदि मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं हुई तो 11 फरवरी 2026 से सभी राजस्व कर्मचारी अनिश्चितकालीन सामूहिक हड़ताल पर चले जायेंगे. इसकी पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार और राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की होगी. धरना में संघ के अध्यक्ष अविनाश पासवान, उपाध्यक्ष कमलेश कुमार, सुशील कुमार, धीरज कुमार, संतोष यादव, भावेश कुमार, मनीष कुमार, राम विभीषण यादव, जितेंद्र सिंह, शशिकांत कुमार, अरमान अख्तर, नीरज कुमार, सिप्पू कुमार, विकास कुमार, महानंद कुमार, पवन कुमार, निर्मल कुमार समेत दर्जनों राजस्व कर्मचारी उपस्थित रहे.
लंबित मांगों को लेकर राजस्व कर्मचारियों का धरना, आंदोलन तेज करने की दी चेतावनी
राजस्व कर्मचारियों की लंबित मांगों को पूरा नहीं किये जाने व लगातार नये असंवैधानिक फरमान जारी किये जाने के विरोध में गुरुवार को जिले के सभी राजस्व कर्मचारियों ने शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन किया.
