जमुई. समाहरणालय स्थित संवाद कक्ष में सोमवार को जिलाधिकारी नवीन की अध्यक्षता में जिला समन्वय समिति की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक में जिले में संचालित विकासात्मक और जनकल्याणकारी योजनाओं की विभागवार प्रगति की समीक्षा की गई. साथ ही विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों में तेजी लाने पर जोर दिया गया.
उप विकास आयुक्त समेत सभी वरीय अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता सहित जिले के सभी वरीय पदाधिकारी मौजूद रहे. इसके अलावा प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी एवं बाल विकास परियोजना पदाधिकारी भी बैठक में शामिल हुए.
शैक्षणिक व्यवस्था सुधारने के लिए अधिकारी गोद लेंगे विद्यालय
जिलाधिकारी ने जिले की शैक्षणिक व्यवस्था में गुणात्मक सुधार को लेकर विशेष निर्देश दिए. उन्होंने मॉडल विद्यालयों सहित सभी सरकारी विद्यालयों में उपलब्ध आधारभूत संरचना, पहुंच पथ और वर्तमान में चल रहे विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा की.
विद्यालयों के समग्र विकास और शैक्षणिक वातावरण को बेहतर बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी ने सभी पदाधिकारियों को एक-एक सरकारी विद्यालय गोद लेने का निर्देश दिया. संबंधित अधिकारी गोद लिए गए विद्यालय की शैक्षणिक एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य करेंगे.
भवनहीन आंगनबाड़ी केंद्रों की वास्तविक स्थिति का होगा आकलन
बैठक में भवनहीन आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन की भी समीक्षा की गई. जिलाधिकारी ने संबंधित बीडीओ और सीडीपीओ को आपसी समन्वय स्थापित कर ऐसे आंगनबाड़ी केंद्रों की वास्तविक स्थिति का आकलन करने का निर्देश दिया. उन्होंने भवनहीन केंद्रों को निकटतम सरकारी विद्यालयों के साथ टैग करने की संभावना पर संयुक्त कार्रवाई करने तथा इस संबंध में शीघ्र संयुक्त कार्रवाई प्रतिवेदन समर्पित करने को कहा.
जन-शिकायतों के समयबद्ध निष्पादन पर जोर
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को जन-शिकायतों के निवारण को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की हिदायत दी. उन्होंने कहा कि आम लोगों से जुड़ी शिकायतों का समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जाना चाहिए. डीएम ने स्पष्ट किया कि जिला समन्वय समिति की बैठक का मुख्य उद्देश्य विभिन्न विभागों के बीच बेहतर तालमेल और प्रशासनिक तत्परता सुनिश्चित करना है.
योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का लक्ष्य
बैठक के दौरान विभिन्न विभागों की प्रगति की समीक्षा करते हुए लंबित कार्यों के त्वरित निष्पादन पर भी जोर दिया गया. अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ विकासात्मक और जनकल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू करने का निर्देश दिया गया. जिलाधिकारी ने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक सुगमता से पहुंचना सुनिश्चित किया जाना चाहिए.
