खैरा (जमुई) : एक तरफ जहां सरकार दहेज प्रथा और बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों को मिटाने के लिए नित्य नये अभियान चला रही है तथा व्यापक पैमाने पर ग्रामीण स्तर तक उसका प्रचार किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर आज भी कई जगहों पर दहेज के कारण किसी बेटी की जिंदगी बर्बाद होने के कगार पर पहुंच रही है.
हालिया घटना धर्मपुर गांव में घटित हुई, जहां बुधवार देर रात दहेज में दस हजार रुपये नहीं मिलने से नाराज होकर एक बरात लड़की के दरवाजे से वापस लौट गयी.
मामला इतना बिगड़ा कि लड़के के पिता सहित बरात में आये सभी लोग गहना-जेवर, कपड़ा सहित सभी सामान लेकर वापस भाग गये और लड़के को वहीं छोड़ गये. इसके बाद ग्रामीणों तथा परिजनों के सहयोग से लड़के और लड़की की शादी करायी गयी.
