Chaksikandar OP In-charge Suspended : वैशाली जिले के हाजीपुर में युवक से कथित मारपीट के मामले में चकसिकंदर ओपी अध्यक्ष संदीप कुमार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई हुई है. एसपी शुभांक मिश्रा ने जांच रिपोर्ट में आरोप सही पाए जाने के बाद उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया. जांच में पुलिस प्रक्रिया का पालन नहीं करने और कर्तव्य में लापरवाही की भी पुष्टि हुई.
मारपीट मामले में ओपी अध्यक्ष पर गिरी गाज
हाजीपुर के बिदुपुर थाना अंतर्गत चकसिकंदर ओपी अध्यक्ष संदीप कुमार को युवक से मारपीट के गंभीर आरोपों में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. पुलिस अधीक्षक शुभांक मिश्रा ने अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए उन्हें सामान्य जीवन-यापन भत्ता पर भेज दिया. इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई.
युवक ने लगाए थे गंभीर आरोप
मामले की शुरुआत कुसयारी निवासी धीरज कुमार की शिकायत से हुई. पीड़ित का आरोप था कि पुलिसकर्मियों ने उसे नशे में होने का आरोप लगाकर जबरन वाहन में बैठाया, उसके साथ मारपीट की और बाद में बीच रास्ते में छोड़कर चले गए. घटना में घायल धीरज का पहले स्थानीय स्तर पर और बाद में सदर अस्पताल में उपचार कराया गया.
एसडीपीओ की जांच में आरोपों की पुष्टि
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी शुभांक मिश्रा ने सदर-1 एसडीपीओ गोपाल मंडल को जांच की जिम्मेदारी सौंपी. एसडीपीओ ने बिदुपुर थानाध्यक्ष के साथ पीड़ित के घर पहुंचकर उसका बयान दर्ज किया और आरोपी ओपी अध्यक्ष से भी पूछताछ की. जांच रिपोर्ट में युवक के साथ मारपीट के आरोप सही पाए गए.
ब्रेथ एनालाइजर जांच नहीं कराना भी बना कारण
जांच में यह भी सामने आया कि युवक को हिरासत में लेने या गिरफ्तार करने के दौरान ब्रेथ एनालाइजर से उसकी जांच नहीं कराई गई थी. इसे पुलिस प्रक्रिया के उल्लंघन, कर्तव्य के प्रति गंभीर लापरवाही और संदिग्ध आचरण माना गया.
एसपी बोले- पुलिस की छवि हुई प्रभावित
एसपी शुभांक मिश्रा ने कहा कि संबंधित अधिकारी के गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार से पुलिस विभाग की छवि प्रभावित हुई है. एसडीपीओ की रिपोर्ट के आधार पर तत्काल निलंबन की कार्रवाई की गई. निलंबन अवधि के दौरान संदीप कुमार का मुख्यालय पुलिस केंद्र, हाजीपुर निर्धारित किया गया है.
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