Hajipur CMR Supply : हाजीपुर में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के तहत कस्टम मिल्ड राइस (सीएमआर) की आपूर्ति में लापरवाही सामने आई है. इसे लेकर जिला प्रशासन ने पैक्स और राइस मिलरों पर बेहद सख्त रुख अपनाया है. जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि सरकारी काम में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
24 जुलाई तक शत-प्रतिशत आपूर्ति का अल्टीमेटम
डीएम ने जिले के सभी पैक्स को हर हाल में 24 जुलाई 2026 तक शत-प्रतिशत सीएमआर आपूर्ति सुनिश्चित करने का सख्त निर्देश दिया है. तय समय सीमा तक लक्ष्य पूरा नहीं करने वालों के खिलाफ सीधे प्राथमिकी दर्ज की जाएगी. इसके साथ ही बिहार सहकारी सोसाइटी अधिनियम 1935 की सुसंगत धाराओं के तहत कठोर कानूनी कार्रवाई भी होगी.
Hajipur News : अब तक हुई 92.33 प्रतिशत चावल की आपूर्ति
समीक्षा बैठक में बताया गया कि जिले में अब तक 92.33 प्रतिशत सीएमआर की आपूर्ति पूरी हो चुकी है. हालांकि अभी भी 73 लॉट सीएमआर की आपूर्ति किया जाना बाकी है. इस बचे हुए लक्ष्य को जल्द से जल्द पूरा करने के लिए प्रशासन ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है.
इन प्रखंडों के खराब प्रदर्शन पर डीएम ने जताई नाराजगी
प्रखंडवार समीक्षा के दौरान वैशाली, लालगंज, पटेढ़ी बेलसर और महुआ की प्रगति जिला औसत से काफी कम पाई गई. आंकड़ों के अनुसार वैशाली में 61.97 प्रतिशत, लालगंज में 75.73 प्रतिशत और पटेढ़ी बेलसर में 90.07 प्रतिशत ही काम हुआ है. इन प्रखंडों के खराब प्रदर्शन पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को तत्काल गति बढ़ाने का निर्देश दिया.
क्षेत्र भ्रमण कर समस्याओं का तुरंत समाधान करें अधिकारी
जिलाधिकारी ने सभी प्रखंड सहकारिता प्रसार पदाधिकारियों को लगातार क्षेत्र भ्रमण करने का निर्देश दिया है. उन्होंने कहा कि अधिकारी बचे हुए पैक्सों और राइस मिलरों के साथ समन्वय बनाकर आपूर्ति में आ रही बाधाओं को तुरंत दूर करें. चावल उपलब्ध नहीं कराने वाले राइस मिलरों की भी सघन जांच कराई जाएगी.
अनियमितता मिलने पर होगी कठोर कानूनी कार्रवाई
जांच के दौरान यदि किसी भी मिलर के काम में अनियमितता पाई जाती है तो उसके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे. डीएम ने सभी अधिकारियों, पैक्स अध्यक्षों और राइस मिलरों को आपसी समन्वय से काम करने को कहा है. प्रशासन का मुख्य फोकस निर्धारित समय-सीमा के भीतर शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर आपूर्ति व्यवस्था को सुचारू बनाना
