गोपालगंज: सासामुसा चीनी मिल को पुनः चालू करने, किसानों और मजदूरों के बकाया भुगतान तथा मिल की वर्तमान नीलामी प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग को लेकर बिहार विधानसभा के वर्तमान सत्र में बरौली के जदयू विधायक एवं सत्तारूढ़ दल के उप मुख्य सचेतक मंजीत सिंह सहित कई विधायकों ने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के माध्यम से सरकार से जवाब मांगा.
गन्ना मंत्री ने कोर्ट में मामला लंबित होने की दी जानकारी
ध्यानाकर्षण प्रस्ताव का जवाब देते हुए गन्ना मंत्री संजय पासवान ने कहा कि सासामुसा चीनी मिल का मामला फिलहाल एलटीडी कोर्ट, कोलकाता में लंबित है. उन्होंने बताया कि राज्य सरकार के कैबिनेट संकल्प के अनुसार मिल के पुनः संचालन के बाद किसानों के बकाया भुगतान के लिए 42.8 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए जाएंगे.
विधायक मंजीत सिंह ने उठाए पूरक प्रश्न
सरकार के जवाब पर बरौली विधायक मंजीत सिंह ने पूरक प्रश्न करते हुए मिल के शीघ्र संचालन और किसानों की समस्याओं के समाधान की मांग दोहराई. इस पर सरकार ने कहा कि राज्य की बंद पड़ी चीनी मिलों को हर हाल में चालू किया जाएगा. यह मुख्यमंत्री का ड्रीम प्रोजेक्ट है और सासामुसा चीनी मिल को दोबारा शुरू करने के लिए सरकार गंभीरता से प्रयास कर रही है.
विधानसभा अध्यक्ष ने दिया बैठक का निर्देश
सरकार के जवाब से पूरी तरह संतुष्ट नहीं होने पर विधायक ने दोबारा पूरक प्रश्न उठाया. मामले की गंभीरता को देखते हुए विधानसभा अध्यक्ष ने गन्ना विभाग के मंत्री को निर्देश दिया कि वह एक सप्ताह के भीतर विभागीय अधिकारियों तथा ध्यानाकर्षण प्रस्ताव लाने वाले सभी विधायकों के साथ बैठक कर समस्या के समाधान के लिए आवश्यक विचार-विमर्श करें.
किसानों और मजदूरों की उम्मीदें बढ़ीं
विधानसभा अध्यक्ष के निर्देश के बाद सासामुसा चीनी मिल के पुनः संचालन, किसानों के बकाया भुगतान और नीलामी प्रक्रिया को लेकर नई उम्मीद जगी है. अब सभी की निगाहें प्रस्तावित बैठक और सरकार के अगले कदम पर टिकी हैं.
