Gopalganj News: गोपालगंज जिले के मांझा थाना क्षेत्र के मुजौना गांव में चर्चित हत्या मामले के फरार आरोपितों के घर शुक्रवार को न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने ढोल-नगाड़े के साथ इश्तेहार चिपकाया. पुलिस ने मुनादी करवाकर आरोपितों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर अदालत में आत्मसमर्पण करने की सख्त चेतावनी दी. ऐसा न करने पर उनके विरुद्ध कुर्की-जब्ती की कठोर कार्रवाई की जाएगी.
दहेज की मांग पूरी न होने पर प्रताड़ना व हत्या का आरोप
घटनाक्रम के अनुसार, मुजौना गांव निवासी रामदेव यादव ने वर्ष 2025 में अपनी पुत्री सुनीता कुमारी की शादी हिंदू रीति-रिवाज से मिथिलेश यादव के साथ की थी. परिजनों का आरोप है कि शादी के कुछ ही समय बाद ससुराल पक्ष के लोगों द्वारा दहेज में नकद रुपये की मांग की जाने लगी. मांग पूरी न होने पर सुनीता के साथ लगातार मारपीट और मानसिक-शारीरिक प्रताड़ना की जाती थी.
इस मामले में मिथिलेश यादव, सुनीता देवी, कमलेश यादव, योगेंद्र यादव सहित अन्य लोगों को आरोपित बनाया गया है. परिजनों ने बताया कि सुनीता एक बच्चे की मां थी और घटना के समय पुनः गर्भवती भी थी. आरोप है कि 14 मई 2025 को उसकी गला दबाकर निर्मम हत्या कर दी गई.
सरेंडर न करने पर होगी कुर्की-जब्ती
घटना के बाद से ही सभी नामजद आरोपित अपने घर छोड़कर फरार चल रहे हैं. पुलिस द्वारा लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश देने के बावजूद उनकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी, जिसके बाद अदालत से इश्तेहार का आदेश निर्गत कराया गया.
पुलिस ने इश्तेहार चस्पा करने के साथ ही आसपास के ग्रामीणों को भी सूचित किया कि फरार आरोपित शीघ्र न्यायालय के समक्ष उपस्थित हों, अन्यथा कानून के अनुसार उनके मकान की संपत्ति जब्त (कुर्की-जब्ती) की जाएगी.
