Gopalganj News: भोरे थाना क्षेत्र के कुसहां गांव में अविभाजित पैतृक भूमि पर जबरन दीवार निर्माण का विरोध करना एक व्यक्ति को भारी पड़ गया. विरोध करने पर आरोपितों ने लोहे की साबल और लाठी-डंडों से हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया. घायल व्यक्ति का इलाज भोरे अस्पताल में कराया गया.
मामले को लेकर कुसहां गांव निवासी शिवशंकर चौरसिया ने भोरे थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है. दर्ज प्राथमिकी में उन्होंने अपने बड़े भाई परशुराम चौरसिया, भतीजे प्रदीप चौरसिया और चन्द्रावती देवी को आरोपित बनाया है.
पीड़ित के अनुसार, 13 जुलाई की सुबह करीब 10 बजे वह अपने घर पर थे. इसी दौरान उन्हें सूचना मिली कि उनके बड़े भाई और अन्य लोग उस पैतृक जमीन पर जबरन दीवार का निर्माण करा रहे हैं, जिसका अभी तक आपसी बंटवारा नहीं हुआ है.
सूचना मिलने के बाद शिवशंकर चौरसिया मौके पर पहुंचे और बिना बंटवारे के निर्माण कार्य कराने का विरोध किया. आरोप है कि इस पर तीनों आरोपित उग्र हो गए और विवाद बढ़ गया. पीड़ित ने आरोप लगाया कि चन्द्रावती देवी के उकसाने पर आरोपितों ने लोहे की साबल से उनके सिर पर हमला कर दिया.
हमले में शिवशंकर चौरसिया का सिर फट गया और शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आईं. घटना के बाद स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव कर उन्हें बचाया. इसके बाद उनके बेटे ने उन्हें इलाज के लिए भोरे अस्पताल पहुंचाया.
पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है. अधिकारियों के अनुसार, जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी.
