Panchayat Sahyog Shivir: सरकारी योजनाओं का लाभ लेने और अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अब ग्रामीणों को प्रखंड या जिला मुख्यालय का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा. मंगलवार को कुचायकोट प्रखंड की अहियापुर पंचायत में आयोजित पंचायत सहयोग शिविर में प्रशासन सीधे ग्रामीणों के बीच पहुंचा. शिविर में एसडीओ डॉ. प्रेरणा सिंह ने आमजनों से सीधा संवाद किया और उनकी समस्याएं सुनीं.
शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे. लोगों ने अलग-अलग विभागों और सरकार की कल्याणकारी योजनाओं से जुड़ी समस्याएं और आवेदन एसडीओ के समक्ष रखे. डॉ. प्रेरणा सिंह ने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और संबंधित आवेदन प्राप्त किये.
अलग-अलग योजनाओं को लेकर ग्रामीणों ने रखी अपनी बात
पंचायत सहयोग शिविर में ग्रामीणों ने विभिन्न विभागों और सरकारी योजनाओं से जुड़ी समस्याओं की जानकारी अधिकारियों को दी. लोगों ने अपनी जरूरत के अनुसार आवेदन भी जमा किये.
एसडीओ ने संबंधित मामलों की जानकारी लेते हुए प्राप्त आवेदनों को नियमानुसार संबंधित विभागों तक भेजने की दिशा में आवश्यक पहल की. मौजूद अधिकारियों को मामलों पर गंभीरता से कार्रवाई करने के निर्देश भी दिये गये.
पंचायत स्तर पर प्रशासन तक पहुंची ग्रामीणों की आवाज
पंचायत सहयोग शिविर का उद्देश्य ग्रामीणों को सरकारी सेवाओं और कल्याणकारी योजनाओं से सीधे जोड़ना है. इसके साथ ही लोगों की समस्याओं का समाधान पंचायत स्तर पर ही कराने के लिए प्रशासन को ग्रामीणों तक पहुंचाया जा रहा है.
इस पहल से ग्रामीणों को छोटी-बड़ी समस्याओं के लिए बार-बार प्रखंड या जिला मुख्यालय जाने की जरूरत कम होगी. पंचायत में ही वे अपनी शिकायत और आवेदन अधिकारियों के सामने रख सकेंगे.
वरीय अधिकारियों ने सुनीं समस्याएं, शुरू हुई कार्रवाई
शिविर में मौजूद वरीय पदाधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना. प्राप्त आवेदनों पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये गये.
अधिकारियों की मौजूदगी में कई मामलों के निष्पादन की प्रक्रिया भी शुरू की गयी. इससे ग्रामीणों को अपनी समस्याओं के समाधान की उम्मीद जगी.
प्रशासन और ग्रामीणों के बीच बना सीधा संवाद
पंचायत स्तर पर शिविर आयोजित होने से ग्रामीणों में उत्साह देखने को मिला. लोगों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना की. ग्रामीणों का कहना था कि पंचायत में ही अधिकारियों के पहुंचने से अपनी समस्या रखना आसान हो रहा है.
प्रशासन के अनुसार, ऐसे शिविरों से सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बढ़ेगी और पात्र लाभुकों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने में भी मदद मिलेगी.
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