पटना : जदयू के मुख्य प्रवक्ता और विधान पार्षद संजय सिंह ने कहा कि भाजपा नेता सुशील मोदी अपने चश्मा को बदले तो बिहार बदला-बदला नजर आयेगा.
उन्होंने चश्मा बदलने के बजाय अपनी आंख ही बंद कर ली है. जब पुलिस अपराधी के बीच मुठभेड़ होती है, तो जाहिर-सी बात है कि पुलिस उसे ट्रेस कर लेती है. यह सुशासन का ही प्रतीक है कि देर रात तक पुलिस के बड़े अधिकारी गश्ती कर रहे थे और उन्होंने अपनी बहादुरी का परिचय दिया.
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ही बिहार के सुशासन के प्रतीक हैं और इसके लिए किसी से कोई सर्टिफिकेट लेने की जरूरत नहीं है. बिहार की जनता जानती है कि नीतीश कुमार का गवर्नेंस कैसा रहा है? भाजपा को पता होना चाहिए कि नीतीश कुमार अपनी राजनीति अपने शर्तो पर करते हैं और बिहार की जनता भी ये जानती है.
नीतीश कुमार ने ही बिहार में स्पीडी ट्रायल को लाया था और उससे न्याय की गति भी तेज हुई है. अपराधी यदि अपराध करेंगे तो उन्हें त्वरित सजा भी मिलेगी. हाल में जो घटनाएं हुई हैं, उनमें अपराधी पकड़े भी गये हैं. अपराधियों का सहारा भाजपा लेती थी और ले रही है. लोकसभा चुनाव में भाजपा ने जिस तरह से अपराधियों का सहारा लिया था, वह जग जाहिर है.
चाहे वो डीपी यादव के साथ हाथ मिलाने की बात हो या फिर जम्मू में अलगावादियों के सामने नतमस्तक होने की. हर हाल में सत्ता के पाने की लालच में भाजपा साम-दाम-दंड-भेद करने में माहिर है.
भाजपा नेता सुशील मोदी ये कह रहे हैं कि बिहार में जंगलराज है. जिन लोगों ने अमित शाह को अपनी पार्टी की कमान दे दी है, जिस पर सैंकड़ों लोगों की हत्या का संगीन आरोप है वह कह रहे हैं कि बिहार में जंगलराज है.
बिहार में कानून का राज है और यहां सुशासन है. उन्होंने कहा भाजपा शासित राज्यों में अपराध के ग्राफ ये भी बताते हैं कि प्रधानमंत्री को इन राज्यों पर ध्यान देने की जरूरत है.
भाजपा शासित राज्यों की स्थिति इन दिनों और खराब है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के शासन प्रणाली के बदौलत पिछले दस सालों में बिहार पुलिस ने जो नाम कमाया है, उसे बरकरार रखी हुई है. लोगों के मन से भय समाप्त हो गया है. उन्हें महसूस हो रहा है कि वे सुरक्षित हैं. कानून का पालन ठीक से किया जा रहा है. पुलिस कार्रवाई और अनुशंधान में किसी प्रकार का कोई भेदभाव नहीं किया जा रहा है.
