गोपालगंज : जिले के लोगों के लिए खुशखबरी है. उन्हें अब पासपोर्ट बनवाने के लिए पटना जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी. पासपोर्ट गोपालगंज के प्रधान डाकघर से ही बन जायेगा. प्रधान डाकघर में पासपोर्ट सेवा केंद्र के उद्घाटन करने की हरी झंडी मिल गयी है.
पासपोर्ट सेवा केंद्र पूरी तरह हाइटेक होगा. केंद्र का विधिवत उद्घाटन सांसद डॉ आलोक कुमार सुमन 17 सितंबर को करेंगे. क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी पीएम सहाय ने पासपोर्ट सेवा केंद्र को चालू करने का पत्र जारी किया है. गोपालगंज से हर माह 42 से 43 सौ पासपोर्ट बनने का आंकड़ा है.
पासपोर्ट बनवाने के लिए लोगों को पटना जाना पड़ता है, लेकिन अब शहर के प्रधान डाकघर से ही पासपोर्ट बनेगा. पासपोर्ट सेवा केंद्र को चालू करने के लिए दो साल से मांग की जा रही थी. पासपोर्ट सेवा केंद्र बनने के बाद उद्घाटन नहीं हो सका था. इधर, नौ सितंबर को विदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट सेवा केंद्र को 17 सितंबर से चालू करने का पत्र जारी किया.
पासपोर्ट के लिए होगा ऑनलाइन आवेदन : मुख्य डाकघर में पासपोर्ट सेवा केंद्र शुरू होने के बाद भी पासपोर्ट बनवाने के लिए आवेदन ऑनलाइन ही करना होगा. फीस भी ऑनलाइन जमा होगी. फीस जमा करने के बाद सामने आये विंडो में पासपोर्ट ऑफिस के रूप में गोपालगंज ऑफिस का नाम भी दर्ज होगा. इसके बाद संदेश के जरिये एक तारीख उपलब्ध करायी जायेगी. उस तिथि को आपको अपने सभी दस्तावेजों के साथ पासपोर्ट ऑफिस पहुंचना होगा. यहां नोटरी हलफनामा भी देना होगा.
सेवा केंद्र में मिलेंगी सुविधाएं : डाकघर के पासपोर्ट ऑफिस में पहुंचने के बाद दिये गये समय पर सक्षम अधिकारी या कर्मचारी के समक्ष पेश होना होगा. यहां सबसे पहले दस्तावेजों की जांच होगी. फिंगरप्रिंट, रेटिना स्कैन जांच आदि की औपचारिकताएं डाकघर में ही होंगी. नयी व्यवस्था के तहत पुलिस स्टेशन के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे.
आम लोगों को मिलेगा लाभ: सांसद
सांसद डॉ आलोक कुमार सुमन ने कहा कि बहुत कम समय व कम कागजी कार्रवाई के बाद लोग अपने जिले से पासपोर्ट को प्राप्त कर सकेंगे. पासपोर्ट सेवा केंद्र के खोले जाने के बाद लोगों को लाभ मिल सकेगा. सांसद ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि नागरिक सुविधाओं को लोगों के दरवाजे तक पहुंचाया जाये. इस दौरान जो भी कठिनाइयां सामने आ रही हैं उनको खत्म किया जाये. सांसद ने विदेश मंत्री के इस पहल की सराहना की है.
क्या कहते हैं अधिकारी
डाकघर में पासपोर्ट सेवा केंद्र शुरू होगा. इसके लिए तैयारी पूरी कर ली गयी है. कर्मचारियों को प्रशिक्षित भी किया जा रहा है. इसका उद्देश्य शहर और गांव के लोगों को पासपोर्ट के लिए भाग दौड़ से बचाना है.
पीएम सहाय, क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी
