गोपालगंज : जिस बस के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद सात लोगों ने अपनी जान गंवायी, उसी बस में गोपालगंज शहर के मौनिया चौक निवासी व ट्रेन के लोको पायलट चंद्रपाल कौल भी बैठे थे. चंद्रपाल को सीवान से गोरखुपर ड्यूटी करने जाना था. हादसे में उनके साथ बस में सवार 20 अन्य यात्री भी घायल हुए हैं.
गोपालगंज पहुंचने के बाद हादसे की खौफनाक मंजर बयां करते हुए चंद्रपाल ने बताया कि 10:45 मिनट पर मीरगंज से बस निकली. करीब 11:05 मिनट पर अमलोरी पहुंचते ही बस के आगे का चक्का ब्लास्ट कर गया. चक्का ब्लास्ट करते ही बस सांप की तरह लड़खड़ाने लगी. स्पीड भी कम नहीं था, जिससे चालक बस को नियंत्रित नहीं कर सका, जिससे बस एनएच किनारे खेत में पलट गयी.
बस में सवार चश्मदीद चंद्रपाल ने बताया कि एक पल के लिए वह मंजर जलजले से भी खौफनाक लग रहा था. बस में फंसे लोग बचाओ-बचाओ चिल्ला रहे थे. आसपास के खेतों में काम कर रहे लोगों ने इंसानियत दिखायी और बस में फंसे घायलों को बाहर निकाला.
लोको पायलट ने खुद हादसे की जानकारी अधिकारियों को दी. इसके बाद एंबुलेंस लेकर पुलिस मौके पर पहुंची. इस तरह एक-एक कर सात लोगों ने इस हादसे में अपनी जान गंवा दी, जबकि 20 से अधिक लोग घायल हो गये. चंद्रपाल ने कहा कि चालक की लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ.
