एडीजे आठ की कोर्ट ने दी सजा
40-40 हजार रुपये का कोर्ट ने लगाया अर्थदंड
गोपालगंज : पत्नी की हत्या कर रातों रात शव को कब्र में दफन करने की घटना को सत्य पाते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश आठ शोभाकांत मिश्र के कोर्ट ने पति समेत चार आरोपितों को उम्रकैद की सजा सुनायी है.
साथ ही 40-40 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया हैं. लोक अभियोजक देववंश उर्फ भानू गिरि ने बताया कि कोर्ट ने इस घटना को बेहद ही जघन्य अपराध माना है. सजा के बिंदु पर डेढ़ घंटे की सुनवाई के बाद कोर्ट ने सत्य पाते हुए सजा का फैसला दिया. उधर, फैसले से मृत महिला सलमा खातून के मायके वालों को राहत मिली है. मायके वालों ने कहा कि ऊपर वाले पर भरोसा था. इन लोगों को उम्रकैद की सजा से सलमा को इंसाफ मिला है.
मां की हत्या के बाद टूट गये बच्चे
सलमा की हत्या के बाद उसके चार बच्चे पूरी तरह से बिखर गये. सोमवार को पिता और उसके परिजनों की सजा होने के बाद बच्चे काफी गंभीर हो गये थे. परिजनों की कलह के कारण पूरा परिवार आज बिखर गया. इन बच्चों का क्या दोष था. इन्हें बचपन में ही पारिवारिक कलह के कारण मां और बाप का प्यार छिन गया. बच्चों की स्थिति पर लोग भावुक हो जा रहे थे.
हत्या कर कब्र में दफना दिया था शव
भोरे थाना क्षेत्र के पियरौटा गांव के निवासी अनवर मियां की शादी वर्ष 2001 में सीवान जिले के बड़हरिया के फुलगनी मियां की बेटी सलमा के साथ हुई थी. शादी के बाद से ही सलमा को पति और परिवार के अन्य सदस्यों के द्वारा प्रताड़ित किया जाता था. इस बीच 27 जुलाई, 2012 को सलमा ने अपने पिता को फोन कर बताया कि सुबह से उसे बेरहमी से पीटा गया है.
घर में लोग विवाद कर रहे हैं. देर शाम होने के कारण पिता नहीं पहुंच सके. उसी रात सलमा की हत्या कर शव को कब्र में दफन कर दिया गया. सुबह फुलगनी मियां गांव के कुछ लोगों के साथ सलमा के घर पहुंचे तो पता चला कि उसकी हत्या कर दी गयी है. पिता की शिकायत पर भोरे पुलिस ने मामले की जांच शुरू की.
कब्र से निकाला गया था शव
पिता की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए तत्कालीन थानाध्यक्ष प्रवीण कुमार ने वरीय पुलिस अधिकारियों से संपर्क स्थापित करने के बाद मजिस्ट्रेट के साथ कब्र पर पहुंचकर कब्र खोदवाया जहां से सलमा का शव बरामद हुआ. शव पर जगह-जगह गंभीर चोट के निशान पाये गये. पुलिस ने इस मामले में पिता के बयान पर अनवर मियां, बहन शबाना खातून, लाल टमाटर मियां, लालबाबू मिया को नामजद अभियुक्त बनाया. इनके खिलाफ पुलिस जांच कर चार्जशीट दाखिल की. कोर्ट ने इस मामले में बचाव और अभियोजन पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद सोमवार को इन चारों को दोषी पाते हुए उम्रकैद का फैसला सुनाया.
