Gaya Ji Cyber Fraud News : एटीएम (ATM) में कार्ड फंसने की एक मामूली तकनीकी खराबी का फायदा उठाकर साइबर अपराधियों ने एक युवक को लाखों रुपये का चूना लगा दिया. शेरघाटी के गोला बाजार स्थित एक्सिस बैंक के एटीएम में कार्ड फंसने के बाद मदद पाने के लिए किए गए एक फोन कॉल ने साइबर ठगों को सीधे पीड़ित के बैंक खाते तक पहुंचा दिया. अपराधियों ने पलक झपकते ही महज कुछ मिनटों के भीतर सात अलग-अलग ट्रांजैक्शन के जरिए खाते से 1 लाख 15 हजार रुपये साफ कर दिए.
खाते से होने लगे ताबड़तोड़ ट्रांजैक्शन
पीड़ित युवक नीतीश कुमार ने बताया कि 28 जून की शाम को वह पैसे निकालने के लिए गोला बाजार स्थित उक्त एटीएम बूथ पर पहुंचे थे. ट्रांजैक्शन के दौरान उनका एटीएम कार्ड मशीन के अंदर ही फंस गया. काफी प्रयास के बाद भी जब कार्ड बाहर नहीं निकला, तो उन्होंने एटीएम मशीन पर ही चिपकाए गए एक स्टीकर को देखा, जिस पर “कॉन्टैक्ट एटीएम इंजीनियर” (Contact ATM Engineer) लिखकर एक मोबाइल नंबर दिया गया था.
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Gaya Ji News : खाते से उड़े लाख रुपये
नीतीश ने मदद की उम्मीद में जैसे ही उस नंबर पर संपर्क किया, दूसरी ओर मौजूद ठग ने उन्हें अपनी बातों में उलझा लिया. बातचीत खत्म होने के कुछ ही देर बाद उनके स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के खाते से लगातार पैसे कटने के मैसेज आने लगे और देखते ही देखते कुल 1.15 लाख रुपये गायब हो गए.
हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज
ठगी का अहसास होते ही पीड़ित ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए अपने एटीएम कार्ड और यूपीआई (UPI) सेवाओं को ब्लॉक कराया. इसके बाद उन्होंने तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल कर अपनी शिकायत दर्ज कराई.
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पुलिस खंगाल रही है सुराग
गया जी साइबर थाने के निर्देश पर पीड़ित नीतीश कुमार ने अब शेरघाटी थाने में भी लिखित आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज करने की गुहार लगाई है. शिकायत मिलने के बाद स्थानीय पुलिस मामले की गहन जांच में जुट गई है.
जांच के केंद्र में है एटीएम पर चिपका मोबाइल नंबर
पुलिस के अनुसंधान का मुख्य बिंदु एटीएम बूथ के भीतर चिपकाया गया वह फर्जी मोबाइल नंबर है. पुलिस तकनीकी सेल की मदद से यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस नंबर को एटीएम के अंदर किसने और कब चिपकाया था, तथा इस पूरे अंतरराज्यीय साइबर ठगी नेटवर्क के पीछे कौन-कौन से अपराधी शामिल हैं.
बैंक ने दी सलाह
इस गंभीर घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि एटीएम परिसर में लगे किसी भी अनधिकृत या संदिग्ध मोबाइल नंबर पर संपर्क करना कितना घातक हो सकता है. स्थानीय पुलिस और बैंक प्रबंधन ने संयुक्त रूप से आम लोगों से अपील की है कि कार्ड फंसने या पैसे न निकलने की स्थिति में किसी अज्ञात नंबर पर फोन न करें, बल्कि केवल बैंक की आधिकारिक वेबसाइट, पासबुक पर दर्ज हेल्पलाइन या सीधे संबंधित शाखा से ही संपर्क करें.
