शेरघाटी. इंटरमीडिएट परीक्षा की शुचिता को चुनौती देते हुए शेरघाटी में एक बार फिर प्रतिरूपण का मामला सामने आया है. शनिवार को पहली पाली की परीक्षा के दौरान विजय शंकर राय कॉलेज केंद्र पर एक महिला को दूसरी अभ्यर्थी की जगह परीक्षा देते हुए रंगेहाथ पकड़ा गया. केंद्र पर तैनात मजिस्ट्रेट और वीक्षकों की सतर्कता से यह फर्जीवाड़ा पकड़ा गया. जानकारी के अनुसार, परीक्षा हॉल में तैनात वीक्षकों को उक्त परीक्षार्थी के हाव-भाव पर संदेह हुआ. जब उसके प्रवेश पत्र और पहचान पत्र का मिलान किया गया, तो फोटो और हस्ताक्षर में गड़बड़ी पायी गयी. सख्ती से पूछताछ करने पर महिला ने स्वीकार किया कि वह मूल परीक्षार्थी नहीं है. पकड़ी गयी महिला की पहचान पिंकी कुमारी के रूप में हुई है, जो सोना कुमारी नामक वास्तविक अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा दे रही थी. मामले की जानकारी तुरंत शेरघाटी एसडीओ मनीष कुमार को दी गयी. उनके निर्देश पर केंद्र अधीक्षक ने संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करायी, जिसके बाद पुलिस ने आरोपित पिंकी कुमारी को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस फर्जीवाड़े के पीछे कौन सा गिरोह काम कर रहा है और इसमें कितने पैसों का लेन-देन हुआ है. एसडीओ मनीष कुमार ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा में कदाचार और प्रतिरूपण के मामलों पर प्रशासन की जीरो टॉलरेंस नीति है. उन्होंने बताया कि इस रैकेट में चंडीस्थान निवासी एक व्यक्ति का नाम सामने आ रहा है, जिसकी भूमिका की गहन जांच की जा रही है. दोषियों को बख्शा नहीं जायेगा.
उठ रहे कई सवाल
गौरतलब है कि इसी परीक्षा केंद्र (विजय शंकर राय कॉलेज) पर बीते तीन फरवरी को भी ऐसा ही मामला सामने आया था. तब ऐश्वर्या कुमारी नामक युवती को चांदनी कुमारी के स्थान पर परीक्षा देते पकड़ा गया था. एक ही केंद्र पर लगातार दूसरी बार ””मुन्ना भाई”” स्टाइल में फर्जी छात्रा के पकड़े जाने से परीक्षा केंद्र की व्यवस्था और शिक्षा माफियाओं के सक्रिय होने पर सवाल खड़े हो रहे हैं.
