गया. समाहरणालय के सभागार में आयोजित बैठक में डीएम डॉ त्यागराजन एसएम की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से 15वीं व छठा राज्य वित्त आयोग से मिली राशि के व्यय के संबंध में समीक्षा की गयी. बैठक में डीडीसी, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, अपर जिला पंचायत राज पदाधिकारी, सभी बीडीओ, सभी प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी के साथ सभी पंचायत सचिव शामिल थे. डीएम ने समीक्षा के क्रम में पाया कि 15वीं व छठा राज्य वित्त आयोग की प्राप्त राशि का व्यय काफी कम है. डीएम ने सभी बीडीओ व प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी को सख्त निदेश दिया कि अपने सभी पंचायत समिति या ग्राम पंचायत में प्राप्त राशि के व्यय में तेजी लाएं. 10 प्रतिशत से कम व्यय करने वाले पंचायत समिति या ग्राम पंचायत के संबंधित पंचायत सचिव पर स्पष्टीकरण मांगते हुए उनका वेतन स्थगित करने का आदेश डीएम ने दिया. चल रही विकास योजनाओं में गुणवत्ता का ध्यान रखते हुए ही आगे की राशि का भुगतान कराने का निदेश दिया. डीएम ने कहा कि गुणवता के अनुरूप कार्य नहीं पाये जाने पर संबंधित पंचायत सचिव पर कार्रवाई की जायेगी. 10 प्रतिशत से कम राशि व्यय करने वाले अधिक पंचायत खिजरसराय, आमस, फतेहपुर, मोहनपुर, अतरी व नीमचक बथानी प्रखंडों में है. इसमें भी अतरी के चकरी, बाराचट्टी के भलुआ, डुमरिया के काचर, गया नगर के कुजापी, इमामगंज के कुजेसर व मोहरा आदि पंचायत ऐसे हैं जहां काफी कम व्यय दिख रहा है. डीएम ने स्पष्ट कहा कि योजना के काम होने व एमबी बुक होने के पश्चात राशि भुगतान में देरी न करें. साथ ही जो वास्तव में काम हुए हैं उतने कार्यो का भुगतान किया जाये. योजना के संचालित कार्य में पूरी गुणवत्ता रहे, इसके सुनिश्चित कराया जाये. डीएम ने डीडीसी को निर्देश दिया है कि योजनाओं की भौतिक जांच ज़िला स्तरीय पदाधिकारी एवं टेक्निकल पदाधिकारी द्वारा करायें.
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