सरकारी विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीइओ) कृष्ण मुरारी गुप्ता ने गुरुवार को मॉडल विद्यालय का दर्जा प्राप्त उच्च माध्यमिक विद्यालय, चाकंद (सरस्वती विद्या निकेतन) का औचक निरीक्षण किया.
निरीक्षण के दौरान उन्होंने विद्यालय की शैक्षणिक एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं का सूक्ष्मता से जायजा लिया और उपस्थित अधिकारियों व शिक्षकों को कई आवश्यक दिशा-निर्देश दिए.
विज्ञान प्रयोगशाला अपडेट रखने व समय-सारिणी पालन का निर्देश
डीइओ ने सबसे पहले विज्ञान प्रयोगशाला का निरीक्षण किया और वहां उपलब्ध उपकरणों को अद्यतन (अपडेट) व व्यवस्थित रखने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक छात्र-छात्राओं को प्रयोगशाला का व्यावहारिक लाभ मिले, इसके लिए नियमित रूटीन बनाकर उसका सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए.
उन्होंने चेतना सत्र (प्रार्थना सभा) से लेकर विद्यालय की सभी दैनिक गतिविधियों को निर्धारित समय-सारिणी के अनुसार संचालित करने पर विशेष बल दिया.
म्यूजिक के लिए अलग क्लास बनाने और डिजिटल शिक्षा का निर्देश
कंप्यूटर कक्ष का निरीक्षण करते हुए डीइओ ने कंप्यूटर शिक्षक को निर्देश दिया कि विद्यार्थियों को नियमित रूप से कंप्यूटर शिक्षा उपलब्ध कराई जाए, ताकि उनकी डिजिटल दक्षता विकसित हो सके.
इसके साथ ही उन्होंने पुस्तकालय में उपलब्ध पुस्तकों की जानकारी ली और छात्रों में पठन-पाठन की रुचि बढ़ाने के लिए पुस्तकालय का प्रभावी उपयोग करने पर जोर दिया. डीइओ ने विद्यालय में संगीत (म्यूजिक) की शिक्षा के लिए एक अलग (सेपरेट) क्लास बनाने का निर्देश दिया, जहां म्यूजिक इंस्ट्रूमेंट्स एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जाएं.
शौचालय की समस्या का जल्द समाधान करने का आश्वासन
निरीक्षण के उपरांत डीइओ ने प्रधानाध्यापक एवं शिक्षकों के साथ बैठक कर विद्यालय संचालन, शैक्षणिक गतिविधियों तथा निर्धारित रोस्टर के अनुपालन की समीक्षा की.
बैठक के दौरान शिक्षकों ने विद्यालय में शौचालय की समस्या से डीइओ को अवगत कराया, जिस पर उन्होंने जल्द से जल्द समाधान कराने का आश्वासन दिया.
गौरतलब है कि गया जिले के 25 सरकारी विद्यालयों को मॉडल विद्यालय का दर्जा प्राप्त है, जहां गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और आधुनिक शिक्षण व्यवस्था विकसित करने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं.
