पूर्व मध्य रेल के पंडित दीन दयाल उपाध्याय (डीडीयू) रेल मंडल के ट्रैफिक विभाग में बड़े पैमाने पर प्रशासनिक फेरबदल किया गया है. मंडल प्रशासन द्वारा जारी तबादला सूची में कुल 44 रेलकर्मियों के नाम शामिल हैं, जिन्हें विभिन्न स्टेशनों एवं कार्यालयों में स्थानांतरित किया गया है. इस आदेश के तहत गया जंक्शन के कई अधिकारियों और कर्मचारियों की भी नई तैनाती की गई है.
गया जंक्शन और अन्य स्टेशनों पर नई तैनाती
जारी आदेश के अनुसार, अनुग्रह नारायण रोड जंक्शन के चीफ बुकिंग सुपरवाइजर लाल बाबू को गया आरक्षण कार्यालय का मुख्य आरक्षण पर्यवेक्षक (सीआरएस) बनाया गया है.
लाल बाबू इससे पहले गया जंक्शन पर वाणिज्य पर्यवेक्षक (सामान्य) के पद पर भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं. वहीं, गया जंक्शन पर इस पद पर कार्यरत मो. मसूद अख्तर को गया में चीफ बुकिंग सुपरवाइजर रंजीत कुमार के अधीन कार्य करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
तबादला आदेश के तहत गया जंक्शन के सीआरएस विनोद कुमार को सासाराम स्टेशन भेजा गया है, जबकि सीआरएस अनुराग कुमार को गया टिकट बुकिंग कार्यालय में योगदान करने का निर्देश दिया गया है.
रिजर्वेशन क्लर्क विकास कुमार सिन्हा का स्थानांतरण गया जंक्शन से डेहरी-ऑन-सोन टिकट बुकिंग कार्यालय में किया गया है.
विभिन्न कार्यालयों में बदले गए अधिकारियों के पद
इसके अलावा, गया के सीबीएस-कम-टिकट बुकिंग क्लर्क गौतम कुमार को गुरारू स्टेशन भेजा गया है. सीआरएस अमन कुमार को रफीगंज, जबकि राम विनय सिंह को गया जंक्शन के पार्सल कार्यालय में पदस्थापित किया गया है.
गुड्स कार्यालय, गया में कार्यरत मृत्युंजय कुमार का तबादला सोननगर मालगोदाम (गुड्स) कर दिया गया है. वहीं, रफीगंज में कार्यरत रिजर्वेशन क्लर्क सुनील कुमार को गया जंक्शन के आरक्षण कार्यालय में नई जिम्मेदारी दी गई है.
डेहरी-ऑन-सोन के सीआरएस को भी गया पार्सल कार्यालय में स्थानांतरित किया गया है. इसके साथ ही गया जंक्शन के सीटीआई लोकेश कुमार का तबादला गया गुड्स कार्यालय में किया गया है.
प्रशासनिक प्रक्रिया और उद्देश्य
रेलवे सूत्रों के अनुसार, यह स्थानांतरण पूरी तरह सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत किया गया है. रेलवे बोर्ड के निर्देशों के अनुरूप एक ही स्थान पर निर्धारित अवधि से अधिक समय तक कार्यरत कर्मचारियों का समय-समय पर तबादला किया जाता है.
मंडल प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस प्रक्रिया का उद्देश्य प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता, कार्यकुशलता व बेहतर संचालन सुनिश्चित करना है.
