गया जी से अरविंद कुमार सिंह की रिपोर्ट
BPSC Success Story: गया जी के फतेहपुर प्रखंड के नेयामतपुर निवासी सुरेंद्र रविदास के पुत्र बबलू कुमार ने अपनी मेहनत, लगन और संघर्ष के बल पर बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा में अपने पांचवें प्रयास में राजस्व पदाधिकारी के पद पर चयन प्राप्त किया है. इस परीक्षा में उन्होंने सफलता हासिल कर अपने परिवार और क्षेत्र का नाम रोशन किया है.
गार्ड के रुप में कार्यरत हैं पिता
बबलू कुमार का बचपन अभावों और कठिन परिस्थितियों के बीच बीता. उनके पिता सुरेंद्र रविदास फतेहपुर के एक निजी विद्यालय में गार्ड के रूप में कार्यरत हैं, जबकि माता प्रेमा देवी गृहिणी हैं. सीमित आर्थिक संसाधनों के बावजूद परिवार ने बेटे की पढ़ाई में कोई कमी नहीं आने दी.
सेल्फ स्टडी से पाया मुकाम
आर्थिक तंगी के बीच बबलू को उनके चाचा नरेश रविदास का भरपूर सहयोग मिला. उन्होंने कोलकाता में चाचा के पास रहकर अपनी कॉलेज की पढ़ाई पूरी की. इसके बाद प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए गया जी में रहकर सेल्फ स्टडी शुरू की. तैयारी के दौरान आर्थिक जरूरतों को पूरा करने के लिए वह एक कोचिंग संस्थान में रहकर बच्चों को ट्यूशन भी पढ़ाते थे.
4 से 6 घंटे करते थे पढ़ाई
बबलू ने बताया कि उनकी सफलता के पीछे माता-पिता, चाचा और दोस्तों का महत्वपूर्ण योगदान रहा है. उन्होंने बताया कि वह प्रतिदिन 4 से 6 घंटे पूरी एकाग्रता के साथ अध्ययन करते थे और लगातार मेहनत करते रहे. उनका मानना है कि सीमित संसाधन सफलता की राह में बाधा नहीं बन सकते, यदि लक्ष्य के प्रति समर्पण और दृढ़ इच्छाशक्ति हो.
युवाओं के लिए बने प्ररेणा के स्त्रोत
बबलू कुमार की सफलता उन तमाम युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है, जो आर्थिक तंगी या विपरीत परिस्थितियों के कारण अपनी पढ़ाई और सपनों को अधूरा छोड़ देते हैं. इधर रविवार को फतेहपुर में बबलू कुमार को शिक्षक धर्मेन्द्र कुमार उर्फ डी कुमार, अनिल कुमार दास, पप्पू कुमार दास, रामचन्द्र रविदास, विरेन्द्र संन्याल सहित अन्य ने सम्मानित किया.
