औषधि विभाग की विशेष टीम ने बोधगया थाना क्षेत्र के नावां गांव में गुरुवार की शाम को छापेमारी कर प्रतिबंधित दवा ऑक्सीटोसिन बनाने की फैक्ट्री पकड़ी है.
उक्त गांव के एक घर में चल रही फैक्ट्री से करीब 15 लाख रुपये से अधिक की ऑक्सीटोसिन जब्त की गई है. इसमें 10 हजार दवा तैयार और एक लाख खाली एम्पुल व कच्चा सामान जब्त किया गया है. दवा के साथ तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है.
बोधगया थाने में मामला दर्ज कर ऑक्सीटोसिन को जब्त कर लिया गया है. विभाग आगे की कार्रवाई में जुट गया है. छापेमारी सहायक औषधि नियंत्रक डॉ. सच्चिदानंद विक्रांत के नेतृत्व में की गई.
इससे पहले मानपुर में दो दिन पहले व कुछ माह पहले भी अवैध दवा फैक्ट्री पर कार्रवाई की गई थी. शहर के बीच में भी औषधि विभाग ने एक माह पहले कार्रवाई कर लाखों रुपये की दवा व मशीन जब्त किया था, जिस मामले में कई लोगों को गिरफ्तार किया गया था.
गुप्त सूचना पर की गई कार्रवाई
सहायक औषधि नियंत्रक डॉ. सच्चिदानंद विक्रांत ने बताया कि मानपुर के लोग बोधगया में जाकर ऑक्सीटोसिन बनाने और बेचने का अवैध कारोबार कर रहे हैं. सूचना पर विशेष टीम का गठन किया गया.
टीम में डीआई क्यूमुद्दीन अंसारी, अजय कुमार सिंह, संजीव कुमार और ईशु भारद्वाज व मजिस्ट्रेट धर्मेंद्र कुमार के साथ पुलिस के जवान शामिल थे.
गुरुवार की सुबह टीम बोधगया थाना क्षेत्र के नावां (पश्चिम) पहुंची. यहां विनोद कुमार के मकान में छापेमारी की गई. छापेमारी में ऑक्सीटोसिन बनाने की फैक्ट्री पकड़ी गई. इसमें भारी मात्रा में तैयार व अर्द्ध निर्मित ऑक्सीटोसिन जब्त किया गया है.
10 हजार पीस बना हुआ ऑक्सीटोसिन और लगभग एक लाख पीस खाली एम्पुल (बिना बना हुआ) और कच्चा सामान जब्त किया गया है. जब्त प्रतिबंधित दवा ऑक्सीटोसिन की कीमत करीब 15 लाख रुपये बताई जा रही है.
तीन धंधेबाज गिरफ्तार
सहायक औषधि नियंत्रक ने बताया कि मौके पर तीन धंधेबाजों को गिरफ्तार किया गया है. गिरफ्तार लोगों में राहुल कुमार, विनोद कुमार और अरविंद कुमार शामिल हैं. ये सभी मानपुर के रहने वाले हैं और बोधगया में मकान बनाकर प्रतिबंधित दवा बनाने का काम कर रहे थे.
बोधगया थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है. उन्होंने बताया कि गिरफ्तार लोगों से पूछताछ कर विभाग छानबीन में जुट गया है.
Also Read : गया जी : तीन दिन की बारिश से टूटी सड़क बनी परेशानी, शिकायत के बाद प्रशासन ने कराया दुरुस्त
