दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) के औषधि विज्ञान विभाग द्वारा क्षय रोग मुक्त भारत अभियान के तहत एक व्यापक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कुलपति प्रो कामेश्वर नाथ सिंह के संरक्षण में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य क्षय रोग (टीबी) के प्रति जागरूकता बढ़ाना, शीघ्र जांच एवं उचित उपचार के महत्व पर जोर देना तथा क्षय रोग मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने में सामुदायिक भागीदारी को प्रोत्साहित करना था.
मुख्य अतिथि ने निक्षय मित्र बनने के लिए किया प्रोत्साहित
कुलपति प्रो के एन सिंह के साथ कार्यक्रम में गया के जिला क्षय रोग पदाधिकारी डॉ पंकज कुमार सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे. डॉ सिंह ने क्षय रोग की रोकथाम, शीघ्र पहचान, निदान एवं उचित उपचार के बारे में विस्तार से जानकारी दी.
उन्होंने विशेष रूप से छात्रों, शिक्षकों एवं समाज के सदस्यों को निक्षय मित्र बनने के लिए प्रोत्साहित किया.
सामुदायिक भागीदारी और युवाओं की भूमिका पर जोर
उन्होंने बताया कि निक्षय मित्र के रूप में व्यक्ति एवं संगठन क्षय रोग से प्रभावित लोगों को सहयोग एवं सहायता प्रदान कर सकते हैं तथा सक्रिय सामुदायिक भागीदारी के माध्यम से क्षय रोग मुक्त भारत की परिकल्पना को साकार करने में सार्थक योगदान दे सकते हैं.
उन्होंने आगे जोर देते हुए कहा कि क्षय रोग के खिलाफ लड़ाई केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसमें समाज के प्रत्येक वर्ग की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है.
उन्होंने जागरूकता फैलाने तथा सही स्वास्थ्य संबंधी जानकारी को व्यापक समुदाय तक पहुंचाने में छात्रों एवं युवाओं की विशेष रूप से महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया.
कुलपति ने सामाजिक जिम्मेदारी का दिया संदेश
अपने अध्यक्षीय संबोधन में सीयूएसबी के कुलपति प्रो कामेश्वर नाथ सिंह ने स्वास्थ्य जागरूकता एवं सामाजिक जिम्मेदारी के महत्व पर जोर दिया.
उन्होंने छात्रों को ज्ञान एवं जानकारी के दूत बनने तथा परिवार, मित्रों एवं आम जनता के बीच क्षय रोग के सही एवं वैज्ञानिक पहलुओं का प्रसार करने के लिए प्रोत्साहित किया. उन्होंने कहा कि छात्रों को समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझना चाहिए और जनकल्याण से संबंधित पहलों में सक्रिय रूप से भाग लेना चाहिए.
अतिथियों का स्वागत और आयोजकों का आभार
सीयूएसबी के पीआरओ मोहम्मद मुदस्सीर आलम ने बताया कि कार्यक्रम के आरंभ में स्वास्थ्य विज्ञान संकाय के अधिष्ठाता एवं सीयूएसबी में क्षय रोग मुक्त भारत अभियान के नोडल पदाधिकारी प्रो सुब्रत कुमार भट्टमिश्र ने अतिथियों एवं प्रतिभागियों का औपचारिक स्वागत किया.
उन्होंने आयोजन समिति के सदस्यों प्रो विवेक डेव, डॉ गिरीश कुमार सिंह एवं डॉ बिभास चंद्र महांता के योगदान को स्वीकार किया.
औषधि विज्ञान विभाग के छात्रों का नुक्कड़ नाटक
कार्यक्रम का एक प्रमुख आकर्षण औषधि विज्ञान विभाग के छात्रों द्वारा प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक रहा. छात्रों ने अपने प्रभावशाली प्रदर्शन के माध्यम से क्षय रोग के लक्षणों, बीमारी से जुड़ी सामान्य भ्रांतियों, शीघ्र निदान तथा नियमित एवं पूर्ण उपचार के महत्व से संबंधित महत्वपूर्ण संदेश प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किए.
धन्यवाद ज्ञापन और राष्ट्रगान के साथ समापन
कार्यक्रम का समापन डॉ अरुण कुमार द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसके बाद राष्ट्रगान प्रस्तुत किया गया.
