रफ्तार का कहर: मेडिकल की ओर जा रही सफारी ने गुमटी में मारी टक्कर , तीन लोगों को रौंदा, दो पटना रेफर
गया: सिकरिया मोड़ से मगध मेडिकल की ओर जा रही एक बेलगाम सफारी ने शुक्रवार की दोपहर बाद करीब साढ़े तीन बजे तीन लोगों को रौंद डाला. काफी तेज रफ्तार में चल रही सफारी (बीआर02क्यू-7205) सड़क के किनारे एक पेड़ के नीचे स्थित गुमटी को रौंदते हुए गड्डे में जा गिरी. इस घटना में साइकिल […]
गया: सिकरिया मोड़ से मगध मेडिकल की ओर जा रही एक बेलगाम सफारी ने शुक्रवार की दोपहर बाद करीब साढ़े तीन बजे तीन लोगों को रौंद डाला. काफी तेज रफ्तार में चल रही सफारी (बीआर02क्यू-7205) सड़क के किनारे एक पेड़ के नीचे स्थित गुमटी को रौंदते हुए गड्डे में जा गिरी. इस घटना में साइकिल मिस्त्री संजय विश्वकर्मा (35 वर्ष), उनका बेटा निर्भय विश्वकर्मा(15 वर्ष) व साइकिल बनाने के लिए मौजूद एक ग्राहक खिजरसराय गांव का रणधीर कुमार(20 वर्ष) घायल हो गये. गड्डे में गिरी सफारी से एक युवती व एक युवक निकले और दोनों फरार हो गये.
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि सफारी से निकल कर भाग रही युवती के सिर से खून भी टपक रहा था. इस बीच आसपास के लोगों ने घायल संजय विश्वकर्मा, उनके बेटे निर्भय विश्वकर्मा व ग्राहक रणधीर कुमार को मगध मेडिकल एंड हॉस्पिटल पहुंचाया. उनका प्राथमिक उपचार किया गया व गंभीर हालत में रहे संजय व निर्भय को पीएमसीएच (पटना) रेफर कर दिया गया. मौजूद डॉक्टरों ने बताया कि संजय की हालत काफी गंभीर थी व उसके सिर में ज्यादा चोट आयी थी. वह बार-बार उल्टी कर रहा था. हालांकि, इस दौरान ग्राहक रणधीर कुमार बगैर इलाज कराये व किसी को बताये बिना ही अस्पताल से कहीं चला गया. आसपास के लोगों ने बताया कि साइकिल मिस्त्री औरंगाबाद जिले के रफीगंज थाना क्षेत्र के खैरी गांव का रहनेवाला है. यहां किराये पर रहता है.
टायर जला कर लोगों ने किया विरोध, मांगा मुआवजा : सूचना मिलते ही घटनास्थल पर काफी लोग जमा हो गये व सड़क पर (रॉयल इन्फील्ड शो रूम के सामने) टायर जला कर विरोध प्रकट करने लगे. लाेगाें ने सफारी के शीशे भी ताेड़ डाले. इस बीच मामले को नियंत्रित करने पहुंची पुलिस बल को भी लोगों के आक्रोश का सामना करना पड़ा.
पुलिस इस फिराक में जुटी थी कि किसी भी तरह हादसे के लिए जिम्मेवार सफारी को गड्डे से बाहर निकाल कर घटनास्थल से हटा दिया जाये. लेकिन, लोगों का कहना था कि इस तरह लापरवाही के साथ गाड़ी चलानेवाले को पकड़ा जाये व घायल हुए गरीब साइकिल मिस्त्री व उनके बेटे का इलाज के खर्च के साथ ही ध्वस्त (चकनाचूर) हो चुकी गुमटी के बदले मुआवजा दिया जाये.
आक्रोशित लोगों के समझाने व भीड़ को नियंत्रित करने को लेकर रामपुर, चंदौती, मेडिकल व कोतवाली के इंस्पेक्टर वज्र वाहन व पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे व देर शाम तक क्रेन के माध्यम से गड्डे में गिरी सफारी को निकालने का प्रयास करते रहे. हालांकि, मौजूद लोग मुआवजा दिये जाने के बाद ही सफारी को हटाये जाने को लेकर अड़े रहे व गाड़ी को उठाने का विरोध करते रहे. भीड़ में मौजूद आसपास के लोगों का कहना था कि सफारी में सवार युवक-युवती चलती गाड़ी में ही हाथापाई करते देखे गये थे व इसी दौरान यह हादसा हो गया.