सिंहवाड़ा.
इलाके में शनिवार को दिनभर धूप नहीं निकलने से जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा. हालांकि गत एक व दो जनवरी को सुबह से ही धूप खिल जाने से लोगों ने ठंड से काफी राहत महसूस की थी, लेकिन पुनः शनिवार को बर्फीली पछुआ हवा चलने के कारण बढ़ी कनकनी ने लोगों को घरों में दुबकने को मजबूर कर दिया. दिनभर लोग अलाव के सहारे ठंड से बचने का प्रयास करते रहे. इस कड़ाके की ठंड से बच्चे, बुजुर्ग के साथ-साथ बेजुबान पशु-पक्षी भी प्रभावित हो रहे हैं. वहीं दिहाड़ी मजदूर इस ठंड की परवाह किए बगैर दैनिक कार्य निबटाने को मजबूर है. किसान भी इस ठंड से जूझते सिंचाई कार्य में जुटे है. ठंड से दुधारु पशुओं की दूध में काफी कमी आयी है. कमजोर पशु ठंड के कारण बीमार होने लगे हैं. प्रखंड क्षेत्र के चौक-चौराहे पर सरकारी स्तर से जलावन उपलब्ध नहीं किए जाने से परेशान लोग स्वयं अपने स्तर से जलावन की व्यवस्था कर अलाव के सहारे शरीर गरम करने का प्रयास करते रहे. मुखिया दिनेश महतो ने बताया कि अंचल से जलावन नहीं मिला है. जैसे ही जलावन की व्यवस्था हो जाती है, जगह-जगह अलाव की व्यवस्था कर दी जाएगी.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
