Farmers Protest Darbhanga: जमीन बचाओ किसान संघर्ष मोर्चा के बैनर तले शुक्रवार को हनुमाननगर प्रखंड मुख्यालय पर प्रस्तावित औद्योगिक क्षेत्र के लिए भूमि अधिग्रहण के विरोध में किसानों ने धरना-प्रदर्शन किया. पूर्व मुखिया लक्षणेश्वर सिंह पप्पू और वर्तमान मुखिया कुमार अभिषेक के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसान आंदोलन में शामिल हुए. इस दौरान पूर्व केंद्रीय मंत्री अली अशरफ फातमी भी धरना स्थल पर पहुंचे और किसानों का समर्थन किया.
385 एकड़ भूमि अधिग्रहण का विरोध
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि थाना नंबर 251 तारालाही, 252 मोतनाजे, 221 बिहारी मुकुंद और 220 अम्माडीह मौजा की करीब 385 एकड़ भूमि का अधिग्रहण आधारभूत संरचना विकास प्राधिकार, पटना द्वारा प्रस्तावित है.
किसानों का आरोप है कि इस प्रक्रिया में भूमि अधिग्रहण, पुनर्वासन एवं पुनर्स्थापन में उचित प्रतिकर एवं पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 के प्रावधानों का पालन नहीं किया जा रहा है. उनका कहना है कि किसानों की सहमति, सामाजिक प्रभाव आकलन, आजीविका, खाद्य सुरक्षा और पुनर्वास जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं की अनदेखी की जा रही है.
भूमिहीन होने की आशंका जताई
किसानों ने कहा कि क्षेत्र की उपजाऊ और सिंचित भूमि पहले ही आमस-दरभंगा एक्सप्रेसवे के लिए अधिग्रहित की जा चुकी है. वहीं दरभंगा-मुजफ्फरपुर नई रेल लाइन के लिए भी जमीन चिह्नित है. ऐसे में नए अधिग्रहण से बड़ी संख्या में किसान भूमिहीन हो सकते हैं.
उन्होंने मांग की कि जिन किसानों की पूरी जमीन अधिग्रहित होगी, उन्हें आसपास के मौजों में कृषि योग्य भूमि उपलब्ध कराई जाए ताकि उनकी आजीविका प्रभावित न हो.
अंचलाधिकारी को सौंपा मांग पत्र
धरना-प्रदर्शन के बाद किसानों ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन अंचलाधिकारी को सौंपा. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसानों की सहमति और कानूनी प्रक्रिया का पालन किए बिना भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई आगे बढ़ाई गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा.
धरना में मुखिया संघ के जिलाध्यक्ष राजीव चौधरी, पप्पू पासवान, राजद नेता जाहिद हुसैन, सुखो यादव, रामनरेश यादव सहित कई किसान और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे.
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