Darbhanga News: दरभंगा जिले के कमतौल थाना क्षेत्र और उससे सटे इलाकों में बैंक से पैसे निकालकर निकलने वाले उपभोक्ताओं को निशाना बनाने वाले उचक्कों और ठगों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है. ताजा मामला शुक्रवार को सामने आया है, जहां सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की कमतौल शाखा से पैसे निकालकर अपने घर लौट रही एक लाचार महिला को दो शातिर ठगों ने अपनी चिकनी-चुपड़ी बातों के जाल में फंसाया और झांसा देकर उसके ₹40,000 (चालीस हजार रुपये) उड़ा लिए. इस पूरी घटना के बाद पीड़ित महिला का रोते-बिलखते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.
बैंक काउंटर से ही पीछा कर रहे थे ठग
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ठगी की इस सनसनीखेज वारदात की शिकार महिला की पहचान पड़ोसी मधुबनी जिले के बिस्फी थाना क्षेत्र अंतर्गत रघौली पंचायत के वार्ड संख्या 13, उसौथू गांव निवासी अनिता देवी के रूप में की गई है. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में पीड़ित महिला रो-रोकर अपने साथ हुई इस आपबीती और ठगी के खेल की सूचना स्थानीय पुलिस को दिए जाने की बात कह रही है.
वीडियो में महिला ने बताया कि वह शुक्रवार को घरेलू काम के लिए कमतौल स्थित सेंट्रल बैंक की शाखा से चालीस हजार रुपये की निकासी करने आई थी. जैसे ही वह बैंक काउंटर से कैश प्राप्त कर मुख्य भवन से बाहर निकली, वहां पहले से रेकी कर रहे दो अज्ञात शातिर ठग उसके पीछे-पीछे लग गए. दोनों अपराधी पैदल ही महिला के पीछे चलते हुए स्टेट हाईवे 75 (SH-75) तक आ गए.
मंदिर के पास बाइक रोककर बुना जाल
सड़क पर चलते-चलते ठगों ने महिला से नजदीकी बढ़ाई और बेहद ही हमदर्दी जताते हुए बातचीत शुरू कर दी. महिला को अकेला और पैदल देख ठगों ने कहा कि वे भी उसी रूट पर जा रहे हैं और उसे सुरक्षित घर तक पहुंचा देंगे. महिला उनकी बातों में आ गई और उनकी मोटरसाइकिल (बाइक) पर पीछे बैठ गई.
अपराधी महिला को बाइक पर बैठाकर कुछ दूर आगे बढ़े और कोठी पर स्थित हनुमान मंदिर के समीप अचानक गाड़ी रोक दी. वहाँ बाइक खड़ी कर एक ठग ने महिला से कहा, “माई, आप यहीं रुकिए. मुझे सामने खड़े एक व्यक्ति को तुरंत चालीस हजार रुपये का भुगतान करना है. आप अपना ₹40,000 मुझे अभी दे दीजिए. इसके बदले सुरक्षा के तौर पर आप मेरा यह रुमाल रख लीजिए, इसमें पूरे ₹2 लाख (दो लाख रुपये) कैश बंधे हैं. इस बात का जिक्र यहाँ किसी से मत कीजिएगा. मैं उस व्यक्ति को पैसे देकर जैसे ही वापस आऊंगा, आपका ₹40,000 आपको लौटा दूंगा और इज्जत के साथ आपके घर तक छोड़ भी दूंगा.”
घर जाकर खोला तो पैरों तले खिसक गई जमीन
दो लाख रुपये के भारी-भरकम नोटों के बंडल की बात सुनते ही और ठगों के शातिराना व्यवहार के झांसे में आकर अनिता देवी ने बिना सोचे-समझे अपने पास रखे असली ₹40,000 उस युवक को सौंप दिए. तथाकथित ठग ने कागज के टुकड़ों का एक बंडल रुमाल में लपेटकर महिला को थमा दिया, जिसे महिला ने बड़ी रकम समझकर अपनी कांख (बाजू के नीचे) में छिपा लिया और वहीं मंदिर के पास बैठ गई.
काफी देर बीत जाने के बाद भी जब बाइक सवार दोनों युवक वापस नहीं लौटे, तो महिला को अनहोनी की आशंका हुई और वह किसी तरह रोते हुए अपने घर चली गई. घर पहुंचकर जैसे ही उसने बंद कमरे में धड़कते दिल से उस रुमाल की गांठ को खोला, तो उसके होश उड़ गए. रुमाल के भीतर नोटों की जगह सिर्फ रद्दी कागज का बंडल (ठैय्या) निकला. यह देखते ही महिला के पैरों तले की जमीन खिसक गई.
कमतौल पुलिस की गश्ती पर उठे सवाल
इस धोखे से बदहवास और रोती-बिलखती हुई महिला वापस भागकर कमतौल बाजार की ओर आई और उन अज्ञात ठगों को चौक-चौराहों पर खोजने लगी. काफी देर तक इधर-उधर भटकने और ठगों का कोई सुराग न मिलने पर वह थक-हारकर, रोती-बिलखती हुई वापस अपने गांव लौट गई.
स्थानीय प्रबुद्ध नागरिकों का कहना है कि कमतौल और आसपास के बैंक परिसरों के पास ठगी, टप्पेबाजी या छिनतई का यह कोई पहला मामला नहीं है. बीते वर्षों में भी इसी तर्ज पर ‘कागज का बंडल’ थमाकर और खुद को बैंक का कर्मचारी बताकर भोले-भाले ग्रामीणों से लाखों रुपये उड़ाए जा चुके हैं. इन घटनाओं के बावजूद स्थानीय पुलिस द्वारा बैंकों के बाहर सादे लिबास में पुलिसकर्मियों की तैनाती या गश्ती नहीं बढ़ाई जा रही है, जिससे अपराधियों के हौसले बुलंद हैं. वहीं, बार-बार चेतावनी के बाद भी आम लोग भी जागरूक और सतर्क नहीं हो रहे हैं, जिसके कारण ऐसी घटनाएं दोहराई जा रही हैं.
दरभंगा के कमतौल से शिवेंद्र कुमार शर्मा की रिपोर्ट
