ईमानदारी तो बची है भाई !

ईमानदारी तो बची है भाई ! सिंहवाड़ा : कौन कहता है कि इमानदारी नही बची है. अब भी कई लोग ईमानदार हैं. इसका जीता जागता उदाहरण भरवारा भगवती स्थान के निकट एक झोला गिरा पड़ा था. जिस पर रविवार को शंकरपुर पंचायत के सकरपुर निवासी शमशेर आलम की नजर पड़ी. उसने ज्योंहि झोला उठाया तो […]

ईमानदारी तो बची है भाई ! सिंहवाड़ा : कौन कहता है कि इमानदारी नही बची है. अब भी कई लोग ईमानदार हैं. इसका जीता जागता उदाहरण भरवारा भगवती स्थान के निकट एक झोला गिरा पड़ा था. जिस पर रविवार को शंकरपुर पंचायत के सकरपुर निवासी शमशेर आलम की नजर पड़ी. उसने ज्योंहि झोला उठाया तो उसमें 2.50 लाख रुपये नकद रखे हुए थे. वही इसकी चर्चा अपने अगल-बगल के लोगों के बीच की एवं निर्णय किया की जिसका भी पैसा हो उस तक पहुंचाउंगा. इसमे भरवारा के लोगों ने भी सहयोग किया. वह रुपया कोयला व्यापारी युनूस का था. भरवारा के सरपंच अवधेश साह, मुखिया शंभु ठाकुर, स्वर्णकार संघ के अध्यक्ष शंभू स्वर्णकार पंसस छेदी यादव ने कहा की शमशेर की ईमानदारी को हम लोग सलाम करते हैं.

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