सुविधा. सदर अस्पताल परिसर में भवन बनकर हो चुका तैयार
नवजात शिशुओं की देखभाल व उनकी समुचित इलाज के लिए सदर अस्पताल परिसर में सिक नियोनेटर केयर यूनिट होगा. जहां शिशु रोग से संबंधित हर तरह का इलाज होगा. इसके लिए सात बड़े बेड का भवन बनकर तैयार हो गया है.
मोतिहारी : नवजात शिशुओं की देख भाल व उसकी समुचित इलाज के लिए सदर अस्पताल परिसर में एक अलग अस्पताल होगा. सिक नियोनेटर केयर यूनिट के तहत इसका संचालन होगा. यह अस्पताल आधुनिक संसाधनों से पूरी तरह से लैस होगा और हर समय चिकित्सक व नर्स तैनात रहेंगे.
इसके लिए भवन बन कर तैयार है. राज्य स्वास्थ्य समिति शीघ्र स्वास्थ्य विभाग को यह भवन सौंप देगी. जानकारी देते हुए सदर अस्पताल के अधिकारिक सूत्रों ने बुधवार को बताया कि इस बाबत आवश्यक प्रकियां पूरी कर ली गयी है और जैसे ही भवन विभाग को हैंडऑवर होगा उसके साथ उसे चालू करने की कार्रवाई की जायेगी. यह सात बड़े बेड वाला अस्पताल होगा.
चार चिकित्सक, चार नर्स व चार वार्डेन रहेंगे तैनात : इस अस्पताल में कम से कम चार शिशु रोग विशेषज्ञ चिकित्सक, चार नर्स व चार वार्डेन की तैनाती होगी. इस बाबत आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी की जा रही है.
समय से पहले जन्म लेने वाले बच्चों का होगा इलाज :समय से पहले जन्म लेने वाले बच्चों को विशेष इलाज की जरूरत होती है. सात व आठ माह के अंतराल में जन्म लेने वाले शिशुओं को विशेष इलाज की जरूरत होती है. माता-पिता निजी अस्पतालों का सहारा लेते हैं. जहां उनका भरपूर शोषण होता है. इस अस्पताल के खुलने से माता-पिता सीधे यहां पहुंचेंगे और इलाज करायेंगे. सदर अस्पताल में प्रसव होने के बाद भी निजी चिकित्सकों का सहारा लेना पड़ता है.
आधुनिक संसाधनों से होगा लैस
पूरी तरह से होगा वातानुकूलित, होंगे सात बड़े बेड
इंटरकाॅम से जूड़ा सदर अस्पताल
सदर अस्पताल परिसर में इंटरकॉम की सुविधा चालू कर दी गयी है. सभी वार्डों व अस्पताल के महत्वपूर्ण कार्यालयों को इस सुविधा से जोड़ दिया गया है. स्वास्थ्य प्रबंधक विजय चंद्र झा ने बताया कि सिविल सर्जन, अधीक्षक, अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, चिकित्सक रूम, स्वास्थ्य प्रबंधक, प्रसव कक्ष व ओटी आदि में इंटरकॉम की सुविधा बहाल की गयी है.
