मोतिहारी : बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार का द्वार खोलने वाली मानव अधिकार सेवा शक्ति संस्थान फॉर्म बेच मालामाल हो गयी है. रोजी-रोटी की तलाश में भटक रहे युवाओं को भले ही रोजगार मिलने की गारंटी हो या नहीं लेकिन वैकेंसी निकाल संस्थान ने लाखों रूपये कमाई की है. पूर्वी चंम्पारण सहित उत्तर बिहार के अन्य जिलों में फॉर्म बेचने से सेवा शक्ति संस्थान करोड़ों रूपये समेटने में कामयाब रहा है. अनुमान के मुताबिक आवेदन के खेल में जितनी कमाई संस्थान ने की है,
उतना ही आय डाक विभाग को टिकट बेचने से हुआ है. पूर्वी चम्पारण जिला में वैकेंसी आने के बाद डाक टिकट बिक्री की बाढ़ आ गयी है. आंकड़ों के मुताबिक प्रति माह दो लाख तक की बिकने वाली डाक टिकट की बिक्री का अंक दहाई में पहुंच गया है. इस वैकेंसी के आने के बाद डाक टिकटों की बिक्री में चार से पांच गुणा का इजाफा हुआ है.
चालू माह में जिले में डाक टिकट की बिक्री दस लाख तक पहुंच गयी है. विभागीय जानकारों के मुताबिक इनदिनों जिले में डाक टिकट बिक्री का औसत 25 से 30 हजार रूपये प्रतिदिन है. अंदाजन वैकेंसी आने से डाक टिकट की बिक्री आठ लाख रूपये बढी है. डाक टिकट की बिक्री के आकड़ों पर गौर करे तो करीब 40 हजार आवेदन जिला से भरे जाने का अनुमान है.
