एसी कोच के किराये में पांच प्रतिशत की वृद्धि
पार्सल पर लगेगा पांच प्रतिशत का सर्विस टैक्स
मोतिहारी : जीएसटी से वातानुकूलित रेल यात्रा महंगी हो गयी है. नये गुड्स सर्विस टैक्स लागू होने से एसी कोच किराया पर पांच प्रतिशत का अतिरिक्त भार बढ़ा है. एक जुलाई से बढ़ी हुई किराया दर को रेलवे ने लागू भी कर दी है. जबकि आरक्षण सहित अन्य सामान्य यात्रा टिकट पर जीएसटी का कोई असर नहीं है. जानकारी के मुताबिक एसी कोच फस्ट से लेकर थ्री क्लास एवं चेयर कार तक के किराया पर जीएसटी का प्रभाव है. जीएसटी लागू होने से एसी किराया बढ़ गयी है.
इसके अलावा रेलवे गुड्स कैरिंग चार्ज भी जीएसटी का असर पड़ा है. जीएसटी से बुक पार्सल पर लगने वाले सर्विस टैक्स पांच प्रतिशत हो गयी है. जबकि इससे पूर्व बुक लगेज पर सर्विस टैक्स का दर साढ़े चार प्रतिशत था. यानी गुड्स कैरिंग कूल किराया पर अब पांच प्रतिशत सर्विस टैक्स लगेगा. इसके अतिरिक्त रेलवे बुक लगेज पर दो प्रतिशत विकास शुल्क वसूल करती है. जबकि पूर्व की तरह रेलवे ने मूलभूत आवश्यक्ता के सामग्रियों को टैक्स फ्री रखा है. इसमें अखबार,जीवन रक्षक दवा एवं खान-पान जैसे सामग्री की पार्सल किराया पर कोई सर्विस टैक्स नहीं लिया जायेगा. इसकी जानकारी देते समस्तीपुर रेल मंडल के सीनियर डीसीएम सह जन-संपर्क पदाधिकारी वीरेंद्र कुमार ने बताया कि जीएसटी से एसी कोच किराया में न्यूनतम पांच प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है. वही पार्सल लगेज पर लगने वाले सर्विस टैक्स पर दशमलव पांच प्रतिशत का इजाफा किया गया है. इससे पहले पार्सल लगेज पर साढ़े चार प्रतिशत सर्विस टैक्स लगता था. कहा कि जीएसटी लागू होने के साथ ही प्रथम जुलाई से किराया पर बढ़ा हुआ किराया को लागू कर दिया गया है.
