पुलिस बल के अभाव में अतिक्रमण हटाने की चेतावनी दे लौटे राजस्व अधिकारी

भूमि सुधार उपसमाहर्ता डुमरांव के न्यायालय द्वारा जारी आदेश के आलोक में अतिक्रमण हटाने गए राजस्व अधिकारी को पुलिस बल का सहयोग नहीं मिलने के कारण मौके से उन्हें बैरंग वापस लौटना पड़ा.

बक्सर. भूमि सुधार उपसमाहर्ता डुमरांव के न्यायालय द्वारा जारी आदेश के आलोक में अतिक्रमण हटाने गए राजस्व अधिकारी को पुलिस बल का सहयोग नहीं मिलने के कारण मौके से उन्हें बैरंग वापस लौटना पड़ा. पहले तो अतिक्रमित स्थल पर जाकर उन्होंने जमीन को कब्जा मुक्त कराने का प्रयास किया, लेकिन जब कामयाबी नहीं मिली तो एक सप्ताह का मोहलत देते हुए सख्त चेतावनी के साथ लौट गये. यह वाकया डीसीएलआर डुमरांव के कोर्ट में दायर वाद संख्या 114/2024-25 श्री कान्त सिंह बनाम गंगलेश राय वगैरह से संबंधित है. न्यायालय के आदेशानुसार, राजस्व अधिकारी डुमरांव विवादित भूमि पर हुए अतिक्रमण को हटवाने के लिए गए थे. उक्त भूमि पर द्वितीय पक्ष गंगलेश राय एवं उनके अन्य भाई द्वारा अतिक्रमण कर कच्चा निर्माण कराया गया है. जिसको लेकर श्रीकांत सिंह द्वारा विगत अठारह महीने से अतिक्रमण हटवाने हेतु जिला प्रशासन से प्रयास किया जा रहा था. अंततः अप्रैल माह में भूमि सुधार उपसमाहर्ता डुमरांव द्वारा पारित निर्देशों का अनुपालन करते हुए 22 जुलाई को अतिक्रमण हटवाने की कार्यवाही की गयी. लेकिन राजस्व अधिकारी द्वारा अतिक्रमण हटाने के पुरजोर प्रयास के बावजूद प्रर्याप्त पुलिसबल की गैर मौजदूगी में यह प्रयास विफल रहा. जानकारी के अनुसार राजस्व अधिकारी द्वारा थानाध्यक्ष नया भोजपुर को 19 जुलाई को पत्र भेजकर पुलिस बल की मांग की गयी थी. लेकिन ना तो पर्याप्त संख्या में पुलिस बल उपलब्ध हुआ और ना ही थानाध्यक्ष पहुंचे थे. पुलिस द्वारा इस प्रकार के भूमि विवाद मामलों में लापरवाही से कई बड़ी घटनाएं हो चुकी हैं.

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Published by: Amlesh prasad

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